शारीरिक शिक्षक ओमप्रकाश शर्मा ने 35 करोड़ रुपये का गबन कर 24 बैंकों में खुलवाए 510 खाते

राजस्थान के श्रीगंगानगर में शिक्षा विभाग के 35 करोड़ रुपये का गबन करने के आरोपित शारीरिक शिक्षक ओमप्रकाश शर्मा से हो रही पूछताछ में बड़ा खुलासा हुआ है। आरोपित ने गबन की गई राशि को ठिकाने लगाने के लिए 24 बैंकों में 510 खाते खुलवाए थे। ये खाते खुद के नाम के साथ ही परिजनों, रिश्तेदारों और परिचितों के नाम से खुलवाए थे। उसने गबन की राशि से क्रिकेट पर सट्टा भी लगाया था। राज्य भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी) ने अब उसके रिश्तेदारों और परिचितों से पूछताछ का सिलसिला शुरू किया है।

जानकारी के अनुसार, ओमप्रकाश शर्मा से हो रही पूछताछ में सामने आया कि गबन की राशि का आंकड़ा 35 करोड़ रुपये से बढ़ भी सकता है। ओमप्रकाश शर्मा से हुई पूछताछ के बाद पुलिस ने जांच-पड़ताल कर दो सटोरियों को भी गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार किए गए सटोरियों के खाते में 80 से 90 लाख रुपये डाले गए थे।

खुद को तीन बार सेवानिवृत्त कर दिया

ओमप्रकाश ने खुद की तीन बार सेवानिवृत्ति दिखाकर उपार्जित अवकाश (अर्न्‍ड लीव यानी ईएल) का पैसा उठाया। वह 13 अगस्त तक पुलिस रिमांड पर है। उससे गहन पूछताछ की जा रही है।

गौरतलब है कि आरोपित ओमप्रकाश शर्मा श्रीगंगानगर में राजकीय उच्च प्राथमिक विद्यालय नंबर-7 में शारीरिक शिक्षक के पद पर नियुक्त है। लेकिन, वह पिछले कई वर्षों से मुख्य ब्लॉक शिक्षा अधिकारी कार्यालय में डेपुटेशन (प्रतिनियुक्ति) पर बाबूगिरी का कार्य रहा है। ब्लॉक शिक्षा अधिकारी हंसराज के अनुसार ओमप्रकाश शर्मा ने पिछले चार वर्षों में 172 फर्जी कर्मचारियों की फर्जी सेवानिवृत्ति दिखाकर उपार्जित अवकाश (अर्न्‍ड लीव यानी ईएल) के मद में अपने रिश्तेदारों और परिचितों के खाते में 35 करोड़ रुपये ट्रांसफर कर इस घोटाले को अंजाम दिया है।

Back to top button