मोदी-ट्रंप की मुलाकात से पहले वीजा बैन पर बोला अमेरिका- देश की सुरक्षा के लिए उठाया कदम

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप से मुलाकात करने से पहले ही एच1बी वीजा पर लगाए गए बैन पर साफ किया है कि ये केवल देश की सुरक्षा के लिए लगाया गया है और किसी धर्म के खिलाफ नहीं है। यूएस के अटॉर्नी जनरल जैफ सेशन ने कहा कि वीजा बैन पर जिस तरह से माहौल बनाया गया है, उससे भारत में काफी चिंता का माहौल बन गया था।

भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इसी माह अमेरिका के दौरे पर जाएंगे। वो अमेरिकी राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रंप के खास बुलावे पर 26 जून को वॉशिंगटन डीसी पहुंच रहे हैं।
भारत ने संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में जी4 देशों को स्थाई सदस्यता मिलने की वकालत करते हुए कहा कि भारत, जापान, जर्मनी और ब्राजील काफी लंबे समय से इसके लिए मांग कर रहे हैं। संयुक्त राष्ट्र में भारत के स्थाई प्रतिनिधि सयैद अकबरुद्दीन ने कहा कि इस मसले को लेकर के भारत लंबे समय से परिषद के विस्तार की मांग कर रहा है।
भारत ने कहा कि स्थाई देशों द्वारा लिए वीटो का इस्तेमाल किए जाने से कई बार अहम मुद्दों पर फैसला नहीं हो पाता है। चीन की तरफ इशारा करते हुए अकबरुद्दीन ने कहा कि पाक आतंकी संगठन जैश-ए-मोहम्मद के सरगना मौलाना मसूद अजहर के खिलाफ बैन लगाने को लेकर के वीटो का इस्तेमाल किया था, जिससे उस पर बैन नहीं लग पाया था। मसूद अजहर संसद पर हुए हमले का मास्टरमाइंड था, इसके साथ ही हाल ही में कश्मीर में सेना के कैंप पर हुए आतंकी हमले में भी उसका हाथ था।
भारत ने कहा कि परिषद में अभी 15 देश शामिल होते हैं लेकिन राजनीतिक तौर पर ऐसा नहीं होता है।





