गेस्ट हाउस में चलता था अय्याशी का अड्डा, ऐसे बुक होती थीं लड़कियां

गेस्ट हाउस को अय्याशी का अड्डा का अड्डा बना दिया। बाहर से लड़कियां बुलाकर उनसे गंदा काम करवाया जाता था।जब मामला खुला तो हकीकत जानकर पुलिस भी दंग रह गई।

लवली गेस्ट हाउस में जिस्मफरोशी का धंधा चल रहा था। व्हाट्सएप के जरिए युवतियों और महिलाओं के फोटोग्राफ ग्राहकों को भेजकर सौदा तय किया जाता था। यह खुलासा मुख्य आरोपी सन्नी ने किया है। पुलिस पूछताछ में सन्नी ने अपना गुनाह कबूल करते हुए सेक्स रैकेट चलाने की बात कही है। आरोपी ने कबूला है कि गेस्ट हाउस में पैसे लेकर ग्राहकों को महिलाएं और युवतियां उपलब्ध कराई जाती थीं। सन्नी ने रिमांड के दौरान पुलिस पूछताछ में यह भी माना है कि गेस्ट हाउस में लड़कियों और महिलाओं को बुलाया जाता था। साथ ही विजिटर्स के नाम पर जो ग्राहक भी आते थे, वह उनसे बिचौलिए की भूमिका में बात करता था।
व्हाट्सएप्प के ग्रुप एडमिन को देशद्रोह के आरोप में हुई जेल
सूत्रों की मानें तो गेस्ट हाउस में कई ऐसे रसूखदार लोग भी पहुंचते हैं, जिनका खुलासा न हो इस लिहाज से मामले में कार्रवाई में देरी हुई। आरोपियों ने गैंगरेप पीड़िता को भी 12 हजार रुपये की नौकरी देने के नाम पर बुलाया। इतना हीं नहीं, उसके पति ने बताया कि जब पत्नी से बात करवाने को कहने पर सन्नी का जवाब था कि यहां पहुंचने वालों के फोन, मेरी इजाजत के बगैर नहीं चल सकते हैं। उसने यह भी कहा कि मेरे आदेश के खिलाफ कोई नहीं जा सकता है। पीड़िता के पति ने जब कहा कि मेरी पत्नी को वापस घर भेज दो, तो सन्नी ने झूठ बोलकर उसे टरका दिया।
70 से अधिक लोगों को भेजे गए थे पीड़िता के फोटो
गैंगरेप की घटना जिस गेस्ट हाउस में हुई, उसके बाहर से बरामद सेक्स वर्धक दवाएं, व अन्य आपत्तिजनक चीजों की बरामदगी से साफ हो गया है कि यहां जिस्मफरोशी का धंधा चल रहा था। जांच में खुलासा हुआ है कि व्हाट्सएप के जरिए ग्राहकों को बुलाया जाता था। व्हाट्सएप पर आरोपियों को पीड़िता के फोटोग्राफ भी भेजे गए थे। पुलिस जांच में खुलासा हुआ है कि इस पूरे धंधे को सोशल साइट्स और मोबाइल के जरिए आपरेट किया जा रहा था। पीड़िता के फोटोग्राफ 70 से अधिक लोगों को भेजे गए, जबकि गैंगरेप मामले में 40 आरोपियों के शामिल होने का आरोप है। ऐसे में पुलिस कुछ आरोपियों के खिलाफ आईटी एक्ट के तहत भी धाराएं जोड़ सकती है।
गेस्ट हाउस में नशा भी परोसा जाता था





