Home > अपराध > छेड़छाड़ के आरोपी की पुलिसकर्मियों ने की जमकर पिटाई, चली गयी जान

छेड़छाड़ के आरोपी की पुलिसकर्मियों ने की जमकर पिटाई, चली गयी जान

छेड़छाड़ के आरोप में आईटी पार्क पुलिस ने मनीमाजरा की इंदिरा कालोनी से दो दिन पहले एक व्यक्ति को उठाया था। बुधवार शाम को उसकी मौत हो गई। परिजनों का आरोप है कि थाने में पुलिसकर्मियों ने उनकी जमकर पिटाई की। बेसुध हालत में उन्हें थाने से घर लाया गया। पुलिस वालों ने उन्हें इतना मारा था कि वह घर पर भी बेहोशी की हालत में पड़े थे और बुधवार शाम को उन्होंने दम तोड़ दिया। 

मौत के बाद घर के बाहर इलाके के सैकड़ों लोग जमा हो गए और आरोपी पुलिस वालों पर कार्रवाई की मांग करते हुए हंगामा शुरू कर दिया। परिजनों का कहना है कि जब तक दोषियों पर कार्रवाई नहीं होगी, वह शव का पोस्टमार्टम नहीं होने देंगे। सूचना पर देर रात भारी पुलिस फोर्स मौके पर पहुंच गई और मामले को शांत कराने के प्रयास में जुट गई। देर रात डीएसपी ईस्ट सतीश कुमार, डिप्टी मेयर विनोद अग्रवाल समेत अन्य अफसर मौके पर पहुंच गए थे। खबर लिखे जाने तक परिजन कार्रवाई की मांग पर अड़े थे। 

इंदिरा कालोनी के मकान नंबर-777 में रहने वाले 56 वर्षीय सुखराज के बेटे लक्ष्मण और बेटी मीनू ने बताया कि उसके पिता लंबे समय से पैरालाइज के अटैक से पीड़ित थे। उसको शुगर की बीमार भी थी और मानसिक रूप से भी बीमार रहते थे। वह पंचकूला बिजली विभाग में हवलदार की नौकरी भी करते थे लेकिन बीमार के चलते छुट्टी पर चल रहे थे। पीजीआई से उनका इलाज चल रहा था। 23 जुलाई को सुबह जब वह घर के बाहर खड़े थे। इसी दौरान लकवे की बीमारी के चलते कालोनी निवासी एक युवती के ऊपर अचानक गिर पड़े। युवती को लगा कि उन्होंने उससे छेड़छाड़ की है। 

होटल के कमरों में इस तरह अय्याशी करते हुए मिले लड़के-लड़कियां, पुलिस के भी उड़े होश!!

मृतक के घर के बाहर खड़ी पुलिस

युवती ने इसकी शिकायत पुलिस कंट्रोल रूम को दे दी। इसके बाद पीसीआर पर तैनात पुलिस उनके घर आई और पिता को घर से पीटते हुए आईटी पार्क थाने ले गई। सुखराज की बेटी मीनू का आरोप है कि जब पुलिस उनके पिता को उठाने आई थी तो उस दौरान पुलिस के साथ युवती का भाई भी था। उसने भी उसके पिता को पीटा। आरोप है कि पुलिस वालों ने थाने में उसके पिता को जमकर पीटा, जिससे वह बेसुध हो गए। बाद में आईटी पार्क थाने पहुंचकर जब उसके भाई लक्ष्मण ने पिता के पीजीआई से इलाज चलने के कार्ड व अन्य पेपर दिखाए तो पुलिसकर्मियों ने उनके ऊपर बिना कोई मामला दर्ज किए युवती को समझाकर घर भेज दिया। 

लक्ष्मण का कहना वह थाने से अपने पिता उठाकर जब घर लेकर आए तब से ही उसके बाद बेसुध होकर घर में पड़े थे और सदमे और पिटाई के चलते उनकी बुधवार शाम को 6 बजे मौत हो गई। लक्ष्मण का कहना कि जब तक थाना पुलिस उनके पिता को पीटने वाले दो पुलिस कर्मचारियों और युवती के भाई पर कार्रवाई नहीं करती तब तक वह पिता के शव का पोस्टमार्टम नहीं करवाएंगे। 

बुधवार रात नौ बजे सुखराज की मौत और हंगामे की सूचना मिलते ही आईटी पार्क थाना प्रभारी राजीव कुमार मौके पर पहुंचे और सुखराज के परिजनों से शिकायत लेकर मामले की जांच शुरू कर दी। थाना प्रभारी और पुलिस शव को पोस्टमार्टम के लिए कब्जे में लेना चाहती थी लेकिन परिजनों ने शव नहीं उठाने दिया और कार्रवाई को लेकर हंगामा करने लगे। हंगामे को देखते हुए देर रात रिजर्व फोर्स बुलानी पड़ी।

 आईटी पार्क थाना प्रभारी राजीव कुमार का कहना कि शव को पोस्टमार्टम करवाने के बाद आई रिपोर्ट के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। पुलिस ने परिवार वालों की शिकायत लेकर कार्रवाई शुरू कर दी है लेकिन जब तक शव को पोस्टमार्टम नहीं होगा तब तक किसी के पर कार्रवाई करना मुश्किल है। परिजनों को समझाने का प्रयास कर रहे हैं।  

Loading...

Check Also

एक बार फिर दिल्ली हुई शर्मसार, डेढ़ साल की मासूम बच्ची को अगवा कर खेला हैवानियत का गंदा खेल

एक बार फिर दिल्ली हुई शर्मसार, डेढ़ साल की मासूम बच्ची को अगवा कर खेला हैवानियत का गंदा खेल

दिल्ली में फिर शर्मसार कर देने वाली घटना सामने आई है. यहां मां के साथ …

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Powered by themekiller.com anime4online.com animextoon.com apk4phone.com tengag.com moviekillers.com