Indian Railways रेलवे बोर्ड ने सभी रेल मंडलों में संरक्षा मानकों की कसौटी परखने के आदेश किए जारी

पिछले दिनों अयोध्या में रेलवे पुल से बोल्ट गायब होने की घटना के बाद रेलवे बोर्ड अलर्ट हो गया है। बोर्ड ने सभी रेल मंडलों में संरक्षा मानकों की कसौटी परखने के आदेश दिए हैं। सभी रेल मंडलों में डीआरएम को निरीक्षण कर महत्वपूर्ण रूटों की रिपोर्ट भी बनानी होगी। अयोध्या में रेलवे पुल से बोल्ट खोले जाने की घटना को रेलवे बोर्ड ने गंभीरता से लिया है। पटरियों की मरम्मत और देखभाल, सिगनल सिस्टम सहित संरक्षा को लेकर रेलवे की तैयारियों की जांच नए सिरे से होगी।

इसके लिए रेलवे बोर्ड ने फरवरी माह में संरक्षा से जुड़े निरीक्षण पूरा करने के साथ पुलों की स्थिति का आंकलन करने के भी आदेश दिए हैं। इस आदेश का असर लखनऊ रेल मंडल पर दिखने लगा है। उत्तर रेलवे लखनऊ मंडल के डीआरएम सुरेश कुमार सपरा लगातार लखनऊ से रायबरेली होकर वाराणसी, बाराबंकी के रास्ते अयोध्या और सुलतानपुर रूट का निरीक्षण कर रहे हैं। रेलवे बोर्ड के शीर्ष अधिकारी के मुताबिक सुरक्षित ट्रेन संचालन के लिए संरक्षा मानकों का पालन किया जा रहा है या नहीं इसे सुनिश्चित करने के लिए फरवरी माह को चुना गया है। कई जगह तापमान में बदलाव से रेल वेल्डिंग के जोड़ में क्रैक आते हैं।
इस समय उनको पेट्रोलिंग के समय पकड़ने के लिए रेलवे ने क्या उपाय किए हैं। नदियों और नालों पर बने वह पुल जिनसे ट्रेनें गुजरती हैं। वहां वार्षिक आडिट कब किया गया है। कोई खामी मिली तो उसे दूर किया गया कि नहीं। ऐसे ही बिन्दुओं की पड़ताल करने के बाद रेलवे अधिकारी इसकी रिपोर्ट बनाएंगे। जिससे सुरक्षित रेल संचालन के लिए संरक्षा मानकों को और बेहतर किया जा सके। डीआरएम के साथ रेलवे के इंजीनियरिंग, सिगनल और संरक्षा अनुभाग के अधिकारी भी कई स्टेशनों का दौरा करेंगे।





