वालमार्ट ने 16 अरब डॉलर में भारतीय ई-कॉमर्स कंपनी फ्लिपकार्ट की 77 फीसदी हिस्सेदारी खरीद ली है. फ्लिपकार्ट की शुरुआत अक्टूबर 2007 में सचिन बंसल और बिन्नी बंसल ने भागीदारी में की थी. हालांकि फ्लिपकार्ट के सह संस्थापक सचिन बंसल कंपनी से अपना लगभग एक दशक पुराना नाता टूटने से बेहद भावुक हैं. अपनी भावनाओं को सचिन ने फेसबुक के माध्यम से सोशल मीडिया पर व्यक्त किया है.

सचिन बंसल की वाल से उनके विचार

वालमार्ट से फ्लिपकार्ट के सौदे के बाद कंपनी से अलग हुए सह-संस्थापक सचिन बंसल ने भावुक फेसबुक पोस्ट के जरिये फ्लिपकार्ट से विदाई ली. इस अवसर पर उन्होंने कहा कि अब वह अपना अतरिक्त समय लंबित पड़ी व्यक्तिगत परियोजनाओं को पूरा करने में लगाएंगे. सचिन बंसल ने कहा कि ‘ दुख की बात है कि मेरा काम यहां पूरा हो गया और दस वर्ष बाद अब फ्लिपकार्ट की कमान किसी और सौंपने तथा यहां से जाने का वक्त आ गया है’ उन्होंने अपनी फेसबुक पोस्ट में कहा, मैं कुछ लंबी छुट्टी पर जा रहा हूं और कुछ व्यक्तिगत परियोजनाओं को खत्म करने पर ध्यान केंद्रित करूंगा, जिसके लिए मैं पहले समय नहीं निकाल पाया. उनका कहना है कि वह अब गेम्स के क्षेत्र पर ध्यान देंगे ( देखेंगे बच्चे इन दिनों क्या खेलना पसंद कर रहे हैं ) और अपने कौशल को और अधिक निखारेंगे’

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वालमार्ट का अब तक का सबसे बड़ा अधिग्रहण

सचिन ने फ्लिपकार्ट के कर्मचारियों को संबोधित करते हुए कहा कि आप अच्छाे काम कर रहे हैं और आगे भी अपनी इस क्वालिटी को बनाए रखियेगा. चंडीगढ़ के रहने वाले सचिन आईआईटी दिल्ली के छात्र रहे हैं और फ्लिपकार्ट शुरू करने से पहले अमेजन कंपनी में काम करते थे उसी दौरान सचिन की मुलाकात बिन्नी बंसल से हुई और फिर दोनों ने मिलकर फ्लिपकार्ट कंपनी की शुरुआत की. अमेरिका की दिग्गज कंपनी वॉलमार्ट ने लगभग 16 अरब डॉलर से फ्लिपकार्ट में 77 प्रतिशत हिस्सेदारी खरीदी है यह अब तक का वालमार्ट का सबसे बड़ा अधिग्रहण सौदा है.