मीन राशि के जातक साढ़े साती से बचाव के लिए करें ये आसान उपाय

ज्योतिषीय गणना के अनुसार, वर्तमान समय में न्याय के देवता शनिदेव कुंभ राशि में विराजमान हैं। इसके चलते मकर राशि, कुंभ राशि और मीन राशि पर साढ़े साती चल रही है। मकर राशि के जातकों पर साढ़े साती का अंतिम चरण चल रहा है। वहीं, कुंभ राशि के जातकों पर साढ़े साती का दूसरा चरण चल रहा है। जबकि, मीन राशि के जातकों पर साढ़े साती का पहला चरण चल रहा है। शनि देव 29 मार्च, 2025 को राशि परिवर्तन करेंगे। इस दिन शनिदेव कुंभ राशि से निकलकर मीन राशि में गोचर करेंगे। 29 मार्च से मीन राशि के जातकों पर साढ़ेसाती का दूसरा चरण शुरू होगा। अत: मीन राशि के जातकों को आने वाले समय में विषम परिस्थिति से गुजरना पड़ सकता है। अगर आप भी मीन राशि के जातक हैं, तो साढ़े साती से बचाव के लिए ये उपाय जरूर करें। इन उपायों को करने से शनि की बाधा समाप्त हो जाएगी।

उपाय
ज्योतिषियों की मानें तो हनुमान जी की पूजा करने से शनिदेव प्रसन्न होते हैं। उनकी कृपा साधक पर अवश्य बरसती है। इसके लिए मीन राशि के जातक रोजाना स्नान-ध्यान के बाद हनुमान जी की पूजा करें। साथ ही पूजा के समय हनुमान चालीसा का पाठ करें। अगर पर्याप्त समय है, तो बजरंग बाण का भी पाठ करें। इसके अलावा, संध्याकाल में भी हनुमान चालीसा का पाठ अवश्य करें। इस उपाय को करने से शनि की बाधा समाप्त हो जाती है।
मीन राशि के जातक साढ़े साती से बचाव हेतु मंगलवार के दिन स्नान-ध्यान के बाद विधि-विधान से हनुमान जी की पूजा करें। पूजा समापन के बाद मंदिर जाकर हनुमान जी को मोतीचूर के लड्डू अर्पित करें। इस समय कम से कम 07 बार हनुमान चालीसा का पाठ करें। साथ ही हनुमान जी को सिंदूर अर्पित करें। इस उपाय को हर मंगलवार पर करें। ऐसा करने से हनुमान जी की कृपा साधक पर अवश्य बरसती है।
मीन राशि के स्वामी बृहस्पति देव हैं और आराध्य जगत के पालनहार भगवान विष्णु हैं। अत: मीन राशि के जातक अपने आराध्य भगवान विष्णु की पूजा करें। पूजा के समय विष्णु चालीसा का पाठ अवश्य करें। इस चालीसा के पाठ से साधक को शनि की बाधा से अवश्य ही मुक्ति मिलती है।
अगर आप साढ़े साती से निजात पाना चाहते हैं, हर गुरुवार और शनिवार के दिन स्नान-ध्यान के बाद पीपल की जड़ में जल का अर्घ्य दें। साथ ही कम से कम 3 बार पीपल पेड़ की परिक्रमा करें। इस समय भगवान विष्णु से सुख, समृद्धि और धन वृद्धि की कामना करें।
शनिवार के दिन दान करने से शनिदेव प्रसन्न होते हैं। इसके लिए हर शनिवार के दिन आर्थिक स्थिति के अनुसार दान करें। इस दिन चमड़े के जूते-चप्पल, उड़द की दाल, खिचड़ी, काले तिल और छाते का दान करें।

Back to top button