सवालों के घेरे में भारत यूएई विमान सेवा समझौता

एजेन्सी/नई दिल्लीभारत और संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) के बीच विमान सेवाओं के प्रसार करने के लिए द्विपक्षिय समझौता हुआ है। इस समझौते पर अब सवाल उठने लगे हैं।सुप्रीम कोर्ट ने इस समझौते पर संज्ञान लेते हुए कहा है कि इस समझौते से ऐसा लगता है किसी खास विमानन कंपनी को फायदा पंहुचाया जा रहा है। सीजेआई टीएस ठाकुर की बेंच ने भाजपा नेता सुब्रह्मण्यम स्वामी की याचिका पर सुनवाई करते हुए ऐसा कहा।
स्वामी ने एक याचिका दायर कर कहा है कि जेट एअरवेज और आबूधावी की विमान कंपनी एतिहाद के बीच आपस में सीट साझा करने का समझौता किया गया है।
ऐसा होने से भारत को होने वाले फायदे पर प्रतिकूल असर पड़ेगा। साथ ही भारत की अन्य विमान कंपनियों को घाटा होगा।





