मोदी के 72 मंत्री 127 जगहों पर निकालेंगे तिरंगा यात्रा

  • नई दिल्ली. आजादी के आंदोलन में योगदान को लेकर हमेशा से विपक्ष के निशाने पर रही संघ और भाजपा ने दीर्घकालिक रणनीति के तहत जवाब देने की योजना बनाई है। भाजपा आने वाले पांच साल में राष्ट्रवाद के एजेंडे को आगे रखेगी ताकि वह राष्ट्रभक्ति का राजनीतिक पर्याय बन जाए। इसके तहत 16 से 30 अगस्त के बीच मोदी कैबिनेट के 72 मंत्री 127 जगहों पर तिरंगा उठाएंगे। पार्टी अध्यक्ष अमित शाह समेत 34 केंद्रीय पदाधिकारी 49 जगहों पर राष्ट्रवाद की अलख जगाएंगे। भाजपा ने तिरंगा यात्रा निकाली थी…
    मोदी के 72 मंत्री 127 जगहों पर निकालेंगे तिरंगा यात्रा
     
    – दरअसल, पिछले साल भाजपा ने तिरंगा यात्रा निकाली थी। इससे पार्टी को काफी अच्छा फीडबैक मिला था।
    – अब प्रधानमंत्री मोदी ने इस बार महात्मा गांधी द्वारा 1942 में छेड़े गए भारत अंग्रेजो भारत छोड़ो जैसा आंदोलन छेड़ने का निर्देश दिया है।
    – मोदी ने इस साल संकल्प से सिद्धि के लिए अगले पांच साल का मंत्र दिया है ताकि भाजपा नए भारत का प्रणेता बन सके।
    – भाजपा के इस अभियान के बारे में राष्ट्रीय महासचिव अरुण सिंह कहते हैं, ‘हमारा मकसद देश में राष्ट्रीयता के भाव को आगे बढ़ाना है। इस बार देश भारत छोड़ो आंदोलन की 75वीं वर्षगांठ मना रहा है, इसलिए सभी केंद्रीय मंत्री और पार्टी के पदाधिकारी देशभर में तिरंगा ध्वज लेकर जा रहे हैं। इसको किसी तरह के राजनीतिक दृष्टिकोण से नहीं देखना चाहिए।’

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    सांप्रदायिकता के ठप्पे से बचने के लिए राष्ट्रवाद की राह पकड़ रही पार्टी
    – सत्ता में आने के बाद कई ऐसे मौके आए जब पार्टी को जवाब देना भारी पड़ गया था।
    – इसमें हैदराबाद केंद्रीय विश्वविद्यालय में दलित छात्र रोहित वेमूला की आत्महत्या, फरवरी में ही जेएनयू में हुआ कन्हैया प्रकरण, अवॉर्ड वापसी और असहिष्णुता जैसे मुद्दे प्रमुख थे। तब पिछले साल होली से पहले संघ और भाजपा के शीर्ष रणनीतिकार दिल्ली के हरियाणा भवन में मंथन के लिए जुटे। दो राउंड की बैठक हुई।
    – इसके बाद भाजपा ने बड़ी चतुराई के साथ सांस्कृतिक राष्ट्रवाद के पुराने एजेंडे में से सांस्कृतिक शब्द को किनारे लगा दिया।
    – इसके पीछे वजह यह थी कि सांस्कृतिक राष्ट्रवाद के नाम पर सांप्रदायिकता का ठप्पा लग रहा था, लेकिन राष्ट्रवाद के नाम पर कोई उंगली नहीं उठा सकता था।
    – इसके बाद पिछले साल आजादी की वर्षगांठ के मौके पर तिरंगा यात्रा निकाला गया और अब इस साल तिरंगे झंडे को लेकर भाजपा के पदाधिकारी और मोदी सरकार के सभी मंत्री देशभर में तिरंगा लेकर जाएंगे।
     
    इन 5 कार्यक्रमों से राष्ट्रवाद की मुहिम बढ़ाएगी भाजपा 
    – भाजपा ने भारत छोड़ो आंदोलन की 75वीं वर्षगांठ के मौके पर मशाल जुलूस निकाला। 
    – 10-14 अगस्त तक तिरंगा यात्रा देशभर के सभी जिलों में निकालने की है। 
    – 14 अगस्त को राष्ट्रभक्ति संध्या का आयोजन, जिसमें महात्मा गांधी, वीर सावरकर, भगत सिंह और बाबा साहेब भीम राव आंबेडकर पर बनी फिल्में भी दिखाई जाएंगी। 
    – 15 अगस्त को प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्रियों के भाषण के बाद सभी शक्ति केंद्रों में मंडल स्तर तक ध्वजारोहण संकल्प के साथ। 
    – 16 अगस्त से 30 अगस्त तक सभी जिला केंद्रों पर नया भारत-मंथन, संकल्प से सिद्धि की ओर परिचर्चा जिसमें केंद्रीय मंत्री, सांसद, राज्यों में भाजपा के मंत्री शामिल होंगे।
     
    गंदगी, भ्रष्टाचार, आतंकवाद भारत छोड़ो का दिया नारा
    – इस अभियान के लिए प्रधानमंत्री ने संकल्प के लिए पांच मंत्र भी दिए हैं। ये हैं- गंदगी- भारत छोड़ो, भ्रष्टाचार- भारत छोड़ो, आतंकवाद- भारत छोड़ो, जातिवाद- भारत छोड़ो, संप्रदायवाद- भारत छोड़ो। 
    – सभी कार्यक्रमों की निगरानी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के एप से होगी, आयोजकों को फोटो और जानकारी अपलोड करने को कहा गया है। 
    – सभी मंत्री-पदाधिकारी अपने इलाकों में शहीद स्मारकों पर जाएंगे। शहीदों के परिजनों से मिलेंगे। स्वच्छता अभियान, रक्तदान, मानव श्रंखला, क्विज प्रतियोगिता कराएंगे।
    – भाजपा ने युवाओं पर खास फोकस किया है। सभी शिक्षण संस्थानों में जाकर शहीदों की तस्वीरें लगवाने के निर्देश दिए हैं।
     
    ये है पार्टी का एजेंडा- दलित, पिछड़ों और युवाओं को जोड़ना है ताकि राजनीतिक फायदा मिले
    1. सामाजिक समीकरण पर भी फोकस
    – हर जिले में कम से कम एक कार्यक्रम दलित और पिछड़ा वर्ग के लोगों के बीच होगा। ताकि इन्हें पार्टी से जोड़ा जा सके।
     
    2. जातिवाद का बंधन तोड़ने की कोशिश
    – भाजपा का मानना है कि राष्ट्रवाद के नाम पर जातिवाद का बंधन भी टूटता है जिसका राजनीतिक फायदा उसे मिलेगा।
     
    3. युवाओं को साथ लाने की भी कवायद
    -भाजपा ने युवाओं पर खास फोकस किया है। सभी शिक्षण संस्थानों में जाकर शहीदों की तस्वीरें लगवाने के निर्देश दिए हैं।
     
     
     
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