बाहर वॉशरूम जाने से घबराता है बच्चा? ये जिद्द नहीं टॉयलेट एंग्जाइटी है

जो बच्चे बिना किसी नखरे के घर पर आराम से टॉयलेट यूज कर लेते हैं, वही बच्चे स्कूल या किसी अनजान जगह पर टॉयलेट जाने से बचते हैं। ऐसा बाहर टॉयलेट जाने के किसी बुरे अनुभव की वजह से हो सकता है, जैसे उन्हें बहुत भीड़भाड़ वाला टॉयलेट मिला हो या फिर बदबू या गंदगी का सामना करना पड़ा हो।
इसकी वजह से बच्चा घर के अलावा कहीं भी टॉयलेट इस्तेमाल करने की बात पर घबरा जाता है और एंग्जाइटी महसूस करता है। बच्चों में ऐसा होने के क्या कारण हैं, इसके क्या प्रभाव पड़ सकते हैं और उन्हें कैसे इससे बचाया जा सकता है, आइए जानते हैं।
ये हो सकती है टॉयलेट एंग्जाइटी की वजहें
टॉयलेट का नया, अनजाना माहौल
कब्ज की समस्या
अलग तरह के कपड़े पहने होना
टॉयलेट का पानी उछलकर ऊपर आने का डर
टॉयलेट में गिर जाने का डर
नया स्कूल या पॉटी ट्रेनिंग सही तरीके से ना होना
स्कूल में दूसरे बच्चों द्वारा बुली करना या चिढ़ाना
नए माहौल से तालमेल बिठाने में परेशानी
किसी प्रकार का ट्रॉमा
सेहत से जुड़ी कोई परेशानी
ऑटिज्म या एडीएचडी की परेशानी
ऐसा भी हो सकता है
टॉयलेट में तेज या हल्की रोशनी का होना
आस-पास का शोर जैसे टॉयलेट फ्लश, हैंड वॉश करने की आवाजें
टॉयलेट शीट छूने जाने की घबराहट, टॉयलेट पेपर या उनके अपने ही कपड़ों का फर्श के आस-पास होना
ज्यादा परफ्यूम वाले प्रोडक्ट्स की गंध
ये पड़ता है प्रभाव
ज्यादा देर तक पेशाब या पॉटी रोकने की वजह से मितली या पेट दर्द
सांस का तेज चलना
अस्थमा से पीड़ित बच्चों में इसका ट्रिगर हो जाना
सिर में दर्द
पैंट में पेशाब या पॉटी का निकल जाना
पैनिक अटैक
ठंड महसूस होना
सोने में परेशानी या डरावने सपने आना
चिड़चिड़ापन
इस तरह मिल सकती है मदद
बच्चे की एंग्जाइटी स्वीकार करें और उसकी वजह जानने की कोशिश करें
बाउल और ब्लेडर फंक्शन की जांच कराएं
बच्चों में आत्मविश्वास लाने के लिए उन्हें स्किल्स सिखाएं। जैसे हैंड वॉश करना, अपने कपड़ों को अच्छी तरह मैनेज करना
एक तय रूटीन फॉलो करें
ध्यान भटकाने की कोशिश
बच्चे से एंग्जाइटी के बारे में खुलकर बात करें
घर के अलावा बाकी जगहों के टॉयलेट इस्तेमाल करने की ट्रेनिंग दें





