पोंजी घोटाला मामले में बेल्लारी के खनन किंग जनार्दन रेड्डी हुए गिरफ्तार

कर्नाटक के पूर्व मंत्री और खनन उद्योगपति जी जनार्दन रेड्डी को रविवार को पोंजी घोटाला मामले में गिरफ्तार कर लिया गया है. उन्हें बेंगलुरु सेंट्रल क्राइम ब्रांच ने गिरफ्तार करके मेडिकल के लिए भेजा है. इससे पहले पुलिस ने पोंजी घोटाला मामले में रेड्डी से गहन पूछताछ की थी. अतिरिक्त पुलिस आयुक्त (अपराध) आलोक कुमार ने इसकी जानकारी दी.
कुमार ने बताया कि रेड्डी शनिवार को केंद्रीय अपराध शाखा (सीसीबी) के कार्यालय पहुंचे थे. रविवार की सुबह पूछताछ समाप्त होने के बाद उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया. उन्होंने बताया कि सीसीबी ने इस मामले में रेड्डी के विश्वस्त सहायोगी अली खान को भी गिरफ्तार किया है.
कथित तौर पर फरार चल रहे रेड्डी अपने अधिवक्ताओं के साथ पुलिस के समक्ष पेश हुए. उन्होंने दावा किया कि उनके खिलाफ जो आरोप लगाए गए हैं वह ‘‘राजनीतिक साजिश’’ का हिस्सा हैं. करोड़ों रुपये के लेन देन के मामले में सीसीबी पुलिस को बुधवार से ही रेड्डी की तलाश थी. यह लेन देन कथित रूप से एक पोंजी योजना से संबंधित है.
बता दें कि तीन दिन तक गायब रहने के बाद जर्नादन रेड्डी शनिवार को पोंजी घोटाले के सिलसिले में यहां पुलिस के सामने पेश हुए थे. पुलिस के हिसाब से फरार चल रहे रेड्डी अपने वकीलों के साथ कार से शनिवार को केंद्रीय अपराध शाखा कार्यायल पहुंचे थे. इससे पहले उन्होंने किसी अज्ञात स्थान से वीडियो जारी कर कहा था कि वह केंद्रीय अपराध शाखा के सामने पेश होंगे. केंद्रीय अपराध शाखा कार्यालय पहुंचने के बाद रेड्डी ने दावा किया कि यह एक ‘‘राजनीतिक साजिश’’ है और उन्हें पुलिस पर विश्वास है. इससे पहले अपने वीडियो संदेश में रेड्डी ने कहा था कि वह भाग नहीं रहे हैं और शहर में ही हैं. उन्हें भागने की कोई जरुरत भी नहीं है.
टेलीविजन चैनलों पर प्रसारित संदेश में उन्होंने कहा था, ‘‘मैंने कुछ भी गलत नहीं किया है. पुलिस के पास यह साबित करने के लिए एक भी सबूत नहीं है कि मैं गलत हूं. वह मीडिया को गुमराह कर रही है.’’ कर्नाटक की पिछली भारतीय जनता पार्टी सरकार में मंत्री रहे रेड्डी ने कहा था कि उन्हें कभी घबराहट नहीं हुई क्योंकि उनका नाम न तो प्राथमिकी में है और न ही उन्हें कोई नोटिस भेजा गया है.
उन्होंने कहा था, ‘‘अब पुलिस द्वारा नोटिस जारी किया गया तो मैंने आज ही केंद्रीय अपराध शाखा के सामने पेश होने का फैसला किया लेकिन नोटिस में कहा गया है कि मैं रविवार को पेश होऊं.’’ उन्होंने कहा, ‘‘लोगों को सच्चाई से वाकिफ कराने के लिए मैंने यह वीडियो सार्वजनिक करने का फैसला किया. मुझे पुलिस पर विश्वास है और यकीन करता हूं कि वह किसी राजनीतिक दबाव में नहीं आएगी.’’
केंद्रीय अपराध शाखा (सीसीबी) पुलिस ने करोड़ों रुपये के लेन-देन के संबंध में बुधवार से उनके विरुद्ध तलाशी अभियान शुरु किया था. यह विनिमय कथित रुप से पोंजी घोटाले से जुड़ा है.
सीसीबी रेड्डी के करीबी सहयोगी अली खान को ढूंढने में जुटी है जिसने उन्हें प्रवर्तन निदेशालय की जांच से उबारने के लिए एंबिडेंट मार्केटिंग प्राइवेट लिमिटेड के सैयद अहमद फरीद के साथ कथित रुप से 20 करोड़ रुपये में सौदा किया था. एंबिडेंट मार्केटिंग प्राइवेट लिमिटेड पोंजी घोटाले में आरोपी है. बेंगलुरु के पुलिस आयुक्त टी सुनील कुमार ने बुधवार को कहा था कि रेड्डी फरार चल रहे हैं और पुलिस इस मामले में पूछताछ के लिए उन्हें ढूंढने में जुटी है.





