पद्म पुरस्कार: बछेंद्री को पद्मभूषण, बजरंग, गंभीर और छेत्री को पद्मश्री सम्मान

दुनिया के सबसे ऊंचे शिखर माउंट एवरेस्ट को फतह करने वाली पहली भारतीय महिला बछेंद्री पाल, राष्ट्रमंडल और एशियाई खेलों में स्वर्ण पदक जीतने वाले पहलवान बजरंग पुनिया, क्रिकेट से संन्यास ले चुके गौतम गंभीर तथा फुटबॉल कप्तान सुनील छेत्री को पद्म पुरस्कारों से अलंकृत करने की घोषणा की गयी है।
बछेंद्री को जहां देश के तीसरे सर्वोच्च नागरिक सम्मान पद्मभूषण से अलंकृत किया जाएगा वहीं बजरंग, गंभीर और छेत्री को पद्मश्री से सम्मानित किया जाएगा। इनके अलावा टेबल टेनिस खिलाड़ी अचंत शरत कमल, शतरंज खिलाड़ी द्रोणावल्ली हरिका, महिला तीरंदाज बोम्बायला देवी लैशराम, कबड्डी खिलाड़ी अजय ठाकुर और महिला बास्केटबॉल खिलाड़ी प्रशांति सिंह को पद्मश्री से सम्मानित किया जाएगा।
बछेंद्री ने वर्ष 1984 में माउंट एवरेस्ट को फतह किया था और यह उपलब्धि हासिल करने वाली वह पहली भारतीय महिला बनी थीं। बछेंद्री को पर्वतारोहण में लौह महिला माना जाता है। उन्हें 1984 में ही पद्मश्री से सम्मानित किया गया था। बछेंद्री को पद्मश्री मिलने के 35 साल बाद जाकर पद्मभूषण से सम्मानित किया जाएगा।
बजरंग पुनिया ने 2018 में राष्ट्रमंडल और एशियाई खेलों में स्वर्ण पदक जीते थे और अपने 65 किग्रा फ्रीस्टाइल वर्ग में विश्व रैंकिंग में नंबर एक पर भी पहुंचे थे। बजरंग ने गत वर्ष उन्हें देश के सर्वोच्च खेल सम्मान राजीव गांधी खेलरत्न पुरस्कार के लिए नजरअंदाज किये जाने पर नाराजगी जताई थी लेकिन अब वह पद्मश्री से सम्मानित होंगे।
पूर्व भारतीय क्रिकेटर गंभीर ने भारत की 2007 ट्वंटी-20 विश्व कप और 2011 एकदिवसीय विश्व कप जीतों में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी। बाएं हाथ के बेहतरीन बल्लेबाज गंभीर ने 4154 टेस्ट और 5238 वनडे रन बनाये। उन्होंने पिछले साल क्रिकेट को पूरी तरह अलविदा कह दिया था।
देश के सर्वश्रेष्ठ स्ट्राइकर छेत्री ने भारत को एएफसी एशिया कप के मुखय राउंड में पहुंचाया था और वह अंतरार्ष्ट्रीय गोल करने के मामले में मौजूदा समय में दूसरे नंबर पर हैं। राष्ट्रमंडल खेलों में कुल चार स्वर्ण जीत चुके अचंत शरत ने टेबल टेनिस, हरिका ने शतरंज, बोम्बायला ने तीरंदाजी, अजय ठाकुर ने कबड्डी और प्रशांति ने बास्केटबॉल में भारत को नई ऊंचाइयां दीं।





