गुस्साई ममता ने सोनिया से कहा- इस बात हम याद रखेंगे, बदले में मिला ऐसा जवाब कि…

नई दिल्ली। मोदी के खिलाफ विपक्ष को एकजुट करने का जिम्मा तृणमूल कांग्रेस अध्यक्ष और पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने उठा रखा है। हालांकि ममता को उस समय कांग्रेस का रवैया बुरा लगा, जब लोकसभा में बजट सत्र के आखिरी दिन कांग्रेस सांसद ने शारदा चिटफंड घोटाले को लेकर तृणमूल की आलोचना की।

इसके बाद जब संसद में सोनिया और ममता का आमना-सामना हुआ तो ममता अपना गुस्सा रोक नहीं पाई। उन्होंने सोनिया से कहा, हम इसको याद रखेंगे। जानिए क्या है पूरा मामला –

लोकसभा सत्र के आखिरी दिन कांग्रेस के अधीर रंजन चौधरी ने चिटफंड से जुड़े बिल पर चर्चा के दौरान शारदा घोटाले का जिक्र किया और पश्चिम बंगाल में सत्तारुढ़ तृणमूल को भी निशाने पर लिया।

इसके तुरंत बाद संसद के सेंट्रल हॉल में सोनिया और ममता का मुकाबला हुआ। ममता ने गुस्सा में अपनी बात कही, लेकिन सोनिया ने खुद को शांत बनाए रखा और कहा, हम एक दूसरे पर आरोप लगा रहे हैं, लेकिन हम दोस्त हैं।

शाम तक ठंडा हो गया ममता का गुस्सा

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हालांकि शाम तक ममता बनर्जी का गुस्सा शांत हो गया। रात में हुई विपक्षी दलों की बैठक में वे शामिल हुईं। इसी बैठक में कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी भी मौजूद थे। ममता बनर्जी ने इस बैठक को सार्थक बताया और जोर देकर कहा कि हम चुनाव पूर्व गठबंधन करेंगे।

मालूम हो, शारदा चिटफंड घोटाला ममता बनर्जी के लिए परेशानी का कारण बन गया है। उनके कई विधायक इसमें फंस चुके हैं। सीबीआई जांच भी हो रही है। इसी केस में कोलकाता पुलिस कमिश्वर से पूछताछ के लिए बीते दिनों सीबीआई कोलकाता गई थी, तो बवाल मच गया था और ममता बनर्जी धरने पर बैठ गई थीं।

 

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