हुआ सबसे बड़ा सर्वे : जानिए यूपी में बनेगी किसकी सरकार और कौन होगा मुख्यमंत्री

यूपी में समाजवादी पार्टी में चल रहे महाभारत के बीच एबीपी न्यूज ने सबसे बड़ा ओपिनियन पोल किया है। सर्वे मुख्यमंत्री अखिलेश यादव और मुलायम सिंह यादव को सचेत कर रहा है कि एकजुट हो जाओ नहीं तो सत्ता हाथ से चली जाएगी। मुलायम के लिए विशेष संदेश है कि बेटा अखिलेश जनता में भी आप पर भारी है यह बात अब आपको समझनी होगी। अगर अखिलेश-कांग्रेस साथ लड़े तो अखिलेश-कांग्रेस की बीजेपी से कड़ी टक्कर होगी। अखिलेश-कांग्रेस को 133-143, बीजेपी गठबंधन को 138-148, बीएसपी 105-115, मुलायम गुट को 2-8 सीटें मिलने की संभावना है। इसका मतलब साफ है कि अगर सपा में दो फाड़ होते है और अखिलेश कांग्रेस के साथ मिलकर चुनाव लड़ते हैं तो ऐसे में बीजेपी आगे निकल सकती है। हालांकि सीएम की पहली पसंद अखिलेश यादव ही बने हुए है।

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सबसे बड़ा ओपिनियन पोल क्या कहता है-

समाजवादी पार्टी में पिछले दिनों से जो कुछ भी हो रहा है उसकी वजह से पार्टी की जमकर किरकिरी हो रही है लेकिन अखिलेश यादव का सितारा बुलंदियों पर है। विधानसभा चुनाव से पहले पहले नोटबंदी हुई। फिर समाजवादी पार्टी और मुलायम परिवार में झगड़ा हुआ। इन सब से यूपी में चुनाव की तस्वीर उलझ गई है। कौन जीतेगा, कौन हारेगा? कोई आपस में लड़ रहा है, कोई दूसरे की लड़ाई में अपना फायदा देख रहा है। वर्तमान राजनीति का मिजाज समझने के लिए ही एबीपी न्यूज-लोकनीति-सीएसडीएस ने सबसे बड़ा ओपिनियन पोल किया।

सीएम की पहली पसंद कौन

सीएम के पद के लिए अखिलेश यादव सबसे ज्यादा 28 फीसदी लोगों की पसंद बने। वहीं, मायावती 21 फीसदी लोगों की पसंद बनी तो बीजेपी के आदित्यनाथ को महज 4 फीसदी और मुलायम को 3 फीसदी लोगों ने पसंद किया। सर्वे के मुताबिक पारिवारिक विवाद के बावजूद अखिलेश लोगों के बीच अपना चेहरा चमकाने में सफल रहे हैं। सर्वे का लब्बोलुबाब यही दिख रहा है कि फिलहाल यूपी में अखिलेश लोगों की पहली पसंद बनकर उभरे हैं।

किस इलाके में किसका दबदबा

एबीपी न्यूज-लोकनीति-सीएसडीएस के सर्वे के मुताबिक पूर्वी यूपी सपा और बीजेपी में टक्कर है। लेकिन अगर सपा साथ मिलकर लड़की है तो वो आगे दिख रही है। पूर्वी यूपी में एसपी को 35 प्रतिशत, बीजेपी को 30प्रतिशत, बीएसपी को 18 प्रतिशत लोगों का समर्थन मिल सकता है। पश्चिम में बीजेपी के आसपास कोई दल ही नहीं है। पश्चिम में बीजेपी को 37 प्रतिशत, एसपी को 16प्रतिशत, बीएसपी को 12प्रतिशत समर्थन मिलने की संभावना दिख रही है। रोहेलखंड में फिर एसपी बढ़त बना रही है। यहां एसपी को 47प्रतिशत, बीएसपी 33प्रतिशत, बीजेपी 16प्रतिशत पर सिमट सकती है। अवध की बात करें तो बीएसपी 33प्रतिशत के साथ सबसे आगे है। वहीं बीजेपी के हिस्से 26 प्रतिशत और सपा के हिस्से 25 प्रतिशत आ सकती हैं। दोआब-बुंदेलखंड में सपा को 25प्रतिशत, बीजेपी को 23प्रतिशत, बीएसपी को 21 प्रतिशत जनता का समर्थन मिल सकता है।

क्या मायावती से बेहतर है अखिलेश सरकार

एबीपी न्यूज-लोकनीति-सीएसडीएस के सर्वे के मुताबिक 41 फीसदी लोगों ने अखिलेश सरकार को पूर्ववर्ती मायावती सरकार से बेहतर बताया है।

सबसे बड़ा सवाल यह है कि दलित, मुस्लिम किसके साथ हैं

एबीपी न्यूज-लोकनीति-सीएसडीएस के सर्वे के मुताबिक मुस्लिम अभी भी सपा के साथ बरकरार हैं। दलित बीएसपी के साथ खड़े हैं। सवर्ण और ओबीसी बीजेपी के साथ मजबूती से बने हुए हैं। लेकिन ओबीसी में यादव सपा के साथ हैं।

किस दल को कितनी सीटें?

एबीपी न्यूज-लोकनीति-सीएसडीएस के सर्वे के मुताबिक सपा और बीजेपी में करीबी टक्कर है। एसपी को 141-151, बीजेपी और गठबंधन को 129-139, बीएसपी 93-103, कांग्रेस को 13-19 सीटें मिलने की संभावनाएं हैं।

अगर मुलायम-अखिलेश अलग लड़े तो क्या होगा

समाजवादी पार्टी में चल रहे महाभारत के बाद सवाल उठता है कि अगल मुलायम-अखिलेश अलग चुनाव लड़े तो क्या होगा? एबीपी न्यूज-लोकनीति-सीएसडीएस के सर्वे के मुताबिक अखिलेश गुट को 82-92, मुलायम गुट को 9-15, बीएसपी 110-120, बीजेपी गठबंधन 158-168, कांग्रेस 14-20 सीटें मिल सकती हैं।

अगर अखिलेश-कांग्रेस साथ लड़े तो क्या होगा

यदि ऐसा होता है तो अखिलेश-कांग्रेस का बीजेपी से कड़ी टक्कर होगी। अखिलेश-कांग्रेस को 133-143, बीजेपी गठबंधन को 138-148, बीएसपी 105-115, मुलायम गुट को 2-8 सीटें मिलने की संभावना है।

कैसे हुआ सर्वे

एबीपी न्यूज-लोकनीति-सीएसडीएस ने 5 दिसंबर से 17 दिसंबर के बीच यूपी के लोगों की राय ली थी। लेकिन तब मुलायम और अखिलेश का झगड़ा इतना प्रचंड नहीं था। एबीपी न्यूज और लोकनीति-सीएसडीएस ने यूपी की 65 विधानसभा क्षेत्रों के 5 हजार 932 लोगों से बात की। यह सर्वे यूरोपियन सोसाइटी फॉर ओपिनियन एंड मार्केटिंग रिसर्च यानी ESOMAR के दिशानिर्देशों का पालन करते हुए किया गया।

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