मुम्बई में सूर्य नमस्कार के खिलाफ, इनको वंदे मातरम्, जन गण मन सबसे ऐतराज़

भारत माता की जय नहीं कहेंगे हराम है
वंदे मातरम नहीं गाएंगे हराम है
जन गन मन में “भारत भाग्य विधाता” नहीं कहेंगे हराम है
और अब समाजवादी पार्टी का इस्लामिक आतंकी प्रेमी नेता अबू आज़मी उतर गया मुस्लिमो के साथ मुम्बई में “सूर्य नमस्कार” के खिलाफ
अबू आज़मी ने नीचे समाजवादी पार्टी भी लिखी हुई है अर्थात समाजवादी पार्टी भी सूर्य नमस्कार के खिलाफ है
ये वही अबू आज़मी है जो कुछ दिनों पहले आतंकी ज़ाकिर नाइक का समर्थन कर रहा था
इस से पहले ये 1993 के बॉम्बे ब्लास्ट में आरोपी रह चूका है और पोलिटिकल कनेक्शन्स के कारण संदिग्ध परिस्तिथियों में बाहर है
दरअसल मुम्बई नगर निगम ने नगर निगमो के स्कूलों में बच्चो से सूर्य नमस्कार करवाने का एक प्रस्ताव दिया
सूर्य नमस्कार केवल एक कसरत ही है जिस से किसी भी मानव को स्वास्थ्य लाभ होता है
पर सूर्य नमस्कार को सांप्रदायिक करार देकर समाजवादी पार्टी का मुस्लिम नेता अबू आज़मी अन्य मुस्लिमो के साथ विरोध पर बैठ गया
“सूर्य नमस्कार नहीं करेंगे” सूर्य नमस्कार सांप्रदायिक है कहने लगा
आपको बता दें की इस्लाम बाहरी मजहब है भारतीय नहीं, और सूर्य नमस्कार भारतीय है
किसी भी बाहरी मजहबी व्यक्ति द्वारा सूर्य नमस्कार का अपमान पुरे भारत का अपमान है भारत की संस्कृति का अपमान है
पर ये जिहादी तत्व खुलेआम भारत का अपमान करने के लिए स्वतंत्र है जबकि इन्होंने पहले भी मजहबी आधार पर भारत के 3 टुकड़े किये हुए है
कुछ दिनों बाद फिर से ये लोग भारत के टुकड़े करने की मांग करने लगे जो की कश्मीर में मुस्लिमो द्वारा किया भी जा रहा है तो बड़ी बात नहीं होगी
मुख्य समस्या भारत के बहुसंख्यक समाज की चुप्पी है
इन लोगों ने मजहबी आधार पर पाकिस्तान और बांग्लादेश बनाये जो की सेक्युलर नहीं इस्लामी राष्ट्र बने
फिर ये भारत में किस आधार पर अपने मजहबी स्वतंत्रता की मांग कर रहे है, साफ़ है भारत का बहुसंख्यक समाज बेहद ही सुस्त और आलसी होकर सो रहा है
तथा फिर से देश के बेडा गर्ग होने का इंतज़ार कर रहा है जैसे 1947 में भारत के 3 टुकड़े मजहबी ठेकेदारो ने किये थे





