बिहार के बाहुबली MLA बढ़ी मुश्किलें, बड़े दुश्मन की हत्या की सुपारी देने के मामले में वायरल हुए ये ऑडियो रिपोर्ट

बिहार के बाहुबली निर्दलीय विधायक अनंत सिंह (Anant Singh) की मुश्किलें लगातार बढ़ रहीं हैं। पैतृक घर से एके 47 (AK 47) व हैंड ग्रेनेड (Hand Granade) बरामदगी मामले में वे पटना के बेऊर जेल (Beur Jail) में बंद हैं। इस बीच अपने बड़े दुश्मन भोला सिंह (Bhola Singh) की हत्या की सुपारी देने के मामले में वायरल हुए एक कथित ऑडियो की फोरेंसिक जांच रिपोर्ट (Forensic Test Report) पुलिस ने गुरुवार को कोर्ट (Court) को सौंपी। फोरेंसिक रिपोर्ट के साथ अब इस राज से पर्दा उठेगा कि ऑडियो में अनंत सिंह की आवाज है या नहीं। रिपोर्ट में क्या है, इसका पता तो अभी नहीं चला है, लेकिन माना जा रहा है कि रिपोर्ट में अनंत सिंह की ही आवाज होगी। 
क्या है मामला, जानिए
विदित हो कि बीते दिनों एक ऑडियो वायरल हुआ था, जिसमें कथित रूप से अनंत सिंह अपने दुश्मन भोला सिंह और उसके भाई मुकेश सिंह की हत्या की सुपारी देते सुने गए थे। इस मामले में पुलिस ने तीन शूटरों को गिरफ्तार किया, जिन्होंने साजिश के पीछे विधायक अनंत सिंह का हाथ बताया। इस मामले में पुलिस ने 14 जुलाई को पंडारक थाने में एफआइआर (FIR) दर्ज किया, जिसमें अनंत सिंह को भी आरेापित किया गया। इसके बाद अनंत सिंह की आवाज का सैंपल जांच के लिए ली गई।
पुलिस ने कोर्ट में पेश की आवाज की फोरेंसिक रिपोर्ट
हत्या की सुपारी देने के ऑडियो के इस मामले में पुलिस ने अनंत सिंह को आवाज का सैंपल लेने के लिए पटना स्थित फोरेंसिक साइंस लैब (FSL) में बुलाया। एक अगस्त को तय दिन अनंत सिंह पुलिस मुख्यालय स्थित एफएसएल पहुंचे। बताया जाता है कि वहां उनकी आवाज ऑडियो की आवाज से मिल गई। इसके बाद फाइनल रिपोर्ट के लिए आवाज के सैंपल की फोरेंसिक जांच की गई। एफएसएल ने यह रिपोर्ट लाल रंग के सीलबंद लिफाफे में बुधवार को 35 दिनों के बाद पुलिस काे सौंप दी। पुलिस ने उसे गुरुवार को पटना के बाढ़ कोर्ट (Barh Court) में पेश किया।
अनंत सिंह के लिए बेहद अहम है फोरेंसिक रिपोर्ट
एफएसएल की यह रिपोर्ट अनंत सिंह के लिए बेहद अहम है। पटना पुलिस के एक वरीय अधिकारी ने कहा कि उन्हें लगता है कि रिपोर्ट में उनकी ही आवाज की बात होगी। अगर रिपोर्ट में अनंत की आवाज वायरल ऑडियो से मिल गई होगी तो उनके खिलाफ हत्या की साजिश रचने के बीते 14 जुलाई को पंडारक थाने में दर्ज मुकदमे में मजबूत वैज्ञानिक साक्ष्य के मिल जाएगा। हालांकि, अनंत सिंह ने समय-समय पर वायरल ऑडियो को फर्जी बताया है।





