काटीं अंगुलियां, सिर और पेट पर किए वार अधमरा होकर भी नौकर ने नहीं छोड़ा चोर

-
लुधियाना.चारों तरफ पुलिस अफसरों के घर और दफ्तरों से घिरे इलाके क्लब रोड पर रहने वाले सीए की कोठी में शुक्रवार सुबह चोर घुस गया। चोर अभी सामान तलाश रहा था कि सीए के नौकर की आंख खुल गई। चोर ने तेजधार हथियार से नौकर के शरीर पर कई जगह वार कर उसे बुरी तरह जख्मी कर दिया। उसके एक हाथ की अंगुलियां भी काट डाली, लेकिन जख्मी नौकर ने बहादुरी दिखाते हुए चोर को पकड़े रखा और शोर मचाने लगा।
शोर सुन कर सीए की फैमिली और आस-पड़ोस के लोग इकट्ठे हो गए जिन्होंने चोर को काबू कर लिया और उसे थाना डिवीजन नंबर आठ पुलिस के हवाले कर दिया। जख्मी नौकर का नाम ओमप्रकाश उर्फ अवनीश है, वह क्लब रोड पर रहने वाले सीए अनिल जलोटा की कोठी में काम करता है। उसे डीएमसी में भर्ती करवाया गया है। पकड़े गए आरोपी की पहचान नांदेड़ साहब के राजिंदर धारीवाल के रूप में हुई है। अनिल जलोटा ने बताया कि ओमप्रकाश उनके घर में काम करता है और छत पर बने कमरे में रहता है। उनके साथ वाली बिल्डिंग में कंस्ट्रक्शन हो रही है।ये भी पढ़े: GST लागू होने के बाद पंजाब में आज से क्या महंगा और क्या सस्ता?
शुक्रवार सुबह करीब साढ़े पांच बजे आरोपी साथ वाली बिल्डिंग से ऊपर चढ़ कर कोठी की छत पर पहुंच गया। वह छत पर बने कमरों में सामान तलाश रहा था कि अचानक खटका सुन कर ओमप्रकाश की आंख खुल गई। खुद को बचाने के लिए आरोपी ने ओमप्रकाश पर तेजधार हथियार से वार कर दिया। आरोपी राजिंदर धारीवाल क्लब रोड पर जिस कोठी में वारदात करने घुसा वह इलाका पुलिस का गढ़ है। कोठी के बिल्कुल सामने पुलिस मुलाजिमों के क्वार्टर हैं। इसके अलावा कोठी से चंद कदम दूर थाना सदर, थाना डिवीजन नंबर आठ, एडीसीपी-3, एसीपी गिल का दफ्तर और विजिलेंस का दफ्तर है। इसके बावजूद आरोपी कोठी में घुस गया।
मौके पर मौजूद लोगों ने बताया कि आरोपी को काबू करने के बाद उसकी तलाशी ली गई तो उससे ऐसी दवा बरामद हुई, जिसकी महक से ही किसी को बेहोश किया जा सकता है। इसके अलावा उससे मेडिकल नशा और थोड़ी चरस भी मिली है। आंशका जताई जा रही है कि आरोपी का इरादा दवा से पूरे परिवार को बेहोश कर वारदात करने का था। हालांकि पुलिस अभी आरोपी से दवा मिलने की पुष्टि नहीं कर रही है।पूछताछ में पता चला है कि आरोपी राजिंदर धारीवाल मूल रूप से नांदेड़ साहब का रहने वाला है। वह काफी नशे में है, जिस कारण पूछताछ नहीं हो सकी। हमले में जख्मी ओमप्रकाश के बयान लेने के लिए जांच अफसर को भेजा था, लेकिन डॉक्टर ने उसे अनफिट बताया है। उसके बयान लेकर आरोपी पर पर्चा दर्ज किया जाएगा। इसके अलावा आरोपी का पुराना आपराधिक रिकॉर्ड भी निकलवाया जा रहा है। -पवन कुमार, एसएचओ, डिवीजन 8पुलिस को बहकाने के लिए सुनाता रहा कहानियां : पुलिसने थाने में आरोपी से पूछताछ की तो वह पुलिस को अलग-अलग कहानियां बताने लगा। आरोपी ने कहा कि वह वीरवार शाम को ही लुधियाना रेलवे स्टेशन पर उतरा था। उसने पहले भांग पी, फिर मेडिकल नशा कर लिया। उसके पीछे स्टेशन से कुछ लोग लग गए तो वह रेलवे स्टेशन से रखबाग की ओर बाहर निकल गया। आरोपी ने कहा कि उसका पीछा कर रहे लोगों ने उस पर गोलियां चलाईं तो वह भागते हुए बिल्डिंग में चला गया और वहां से ऊपर चढ़ कर कोठी की छत पर पहुंच गया। लेकिन उसने ओमप्रकाश पर हमला क्यों किया, इस बात का उसके पास कोई जवाब नहीं था।आरोपी ने ओमप्रकाश को उठा देख कर तुरंत उसके गले पर तेजधार हथियार रख दिया और उसे चुप रहने के लिए कहा। उसके बाद आरोपी ने ओमप्रकाश को पानी पिलाने के लिए कहा। पानी पीते समय उसका ध्यान अचानक ओमप्रकाश से हटा तो वह उससे भिड़ गया और आरोपी को जफ्फा डाल कर शोर मचाना शुरू कर दिया। आरोपी खुद को छुड़ाने के लिए ओमप्रकाश को पीटने लगा, लेकिन उसने नहीं छोड़ा तो तेजधार हथियार से उसके सिर-मुंह, गले पर वार कर दिए और उसके हाथ की अंगुलियां काट दीं।





