एनडीए में शामिल नेता ने संसद में अपनी ही सरकार को घेरा, कहा- क्या किसान आतंकी हैं?

नई दिल्ली: एनडीए सरकार को समर्थन देने वाली पार्टी स्वाभिमान पक्ष के सदस्य राजू शेट्टी नेमध्य प्रदेश के मंदसौर में पिछले दिनों किसानों पर हुई फायरिंग का मुद्दा उठाते हुए अपनी ही सरकार पर निशाना साधा. लोकसभा में शून्यकाल के दौरान राजू शेट्टी ने कहा कि मध्य प्रदेश के मंदसौर में अपनी मांगों को उठाने वाले किसानों पर गोलीबारी की गई और एक किसान की थाने में पीट पीट कर हत्या कर दी गई.

इस दौरान बीजेपी सदस्यों के टोका-टोकी करने पर उन्होंने सवाल किया कि क्या किसानों के मुद्दे उठाना गुनाह है? उन्होंने सरकार से जानना चाहा कि, ‘क्या किसान आतंकवादी हैं, जो हम सदन में उनकी बात नहीं उठा सकते.’
महाराष्ट्र में किसानों से जुड़े स्वाभिमानी शेतकारी संगठन को चलाने वाले शेट्टी ने कहा कि वह पिछले 25 सालों से किसानों से जुड़े हैं, लेकिन मंदसौर में किसानों पर जो बर्बरता की गई, वैसा उन्होंने कभी नहीं देखा.
बीजेपी सदस्यों की टीका-टिप्पणी पर शेट्टी ने कहा, ‘मुझे किसानों के बारे में बोलने का अधिकार है.’ उन्होंने साथ ही कहा कि सत्ता की जिस कुर्सी पर बीजेपी बैठी है, उसका श्रेय उनकी पार्टी को भी जाता है, क्योंकि उसने भी बीजेपी को सत्ता में लाने के लिए वोट मांगे थे.
उन्होंने कहा कि किसानों पर अत्याचार हो रहा है और उन्हें इस विषय पर बोलने नहीं दिया जा रहा है. जब अध्यक्ष ने उनसे अपनी बात समाप्त करने को कहा तो शेट्टी बोले कि यदि उन्हें इस विषय पर अपनी बात रखने की अनुमति नहीं दी जा रही है, तो वह इसकी निंदा करते हैं.
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शेट्टी ने इस मामले की सीबीआई से जांच कराने की मांग करते हुए कहा कि वर्ष 2014 के लोकसभा के चुनाव प्रचार में नरेंद्र मोदी ने कहा था कि यदि कांग्रेस को हराकर बीजेपी को सत्ता में लाओगे तो किसानों को उनकी फसल का उचित मूल्य दिया जाएगा. कुछ देर बाद शेट्टी सदन से बाहर चले गए.





