UPCM और राज्यपाल ने राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की 150वीं जयंती पर उनकी प्रतिमा पर माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि दी

उत्तर प्रदेश।
UPCM और राज्यपाल राम नाईक ने राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की 150वीं जयंती के अवसर पर उनकी प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उन्हें श्रद्धांजलि दी। उन्होंने पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री की जयन्ती पर उनके चित्र पर भी माल्यार्पण किया। इस अवसर पर राज्यपाल व UPCM ने चरखा भी चलाया और गांधी जी के प्रिय भजनों को भी सुना।
राज्यपाल व UPCM ने चरखा चलाते हुए
राज्यपाल राम नाईक ने गांधी जयन्ती के अवसर पर हजरतगंज स्थित गांधी आश्रम में आयोजित कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए कहा कि राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के स्वदेशी और स्वावलम्बन से सम्बन्धित विचार आज भी प्रासंगिक हैं। उनके विचारों से हमें ऊर्जा मिलती है। गाँधी जी के विचार सकरात्मक बदलाव के लिए आवश्यक हैं। गाँधी जी के स्वच्छता सम्बन्धी विचारों को अपना कर स्वस्थ भारत की संकल्पना को साकार किया जा सकता है। देश के स्वतंत्रता आन्दोलन का सफल नेतृत्व करने वाले गांधी जी के विचार आज भी हम सबके लिए प्रेरणा के स्रोत हैं। उन्होंने कहा कि गांधी जी के विचारों को अपनाते हुए हम स्वावलम्बन के पथ पर आगे बढ़ सकते हैं और समाज में खुशहाली ला सकते हैं। पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री ने देश के स्वाभिमान की रक्षा के लिए डट कर खड़े होने का मार्ग दिखाया। उन्होंने देश के स्वाधीनता संग्राम में भी महत्वपूर्ण योगदान दिया। शास्त्री जी की सादगी हम सबको जीवन जीने की प्रेरणा देती है।
UPCM और राज्यपाल गांधी जी के प्रिय भजनों को सुनते हुए
राज्यपाल जी ने कहा कि ये दोनों महान विभूतियां हमारे लिए आदर्श हैं। प्रदेश की सरकार राज्य में विकास की गति को तेज कर रही है, जिसका लाभ गांव के लोगों के साथ-साथ शहरों के लोगों को भी मिलेगा। पूरे देश में स्वच्छता को एक अभियान के रूप में चलाया जा रहा है और इसमें प्रदेश पहले स्थान पर है।
UPCM ने कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए कहा कि आजादी की लड़ाई में गांधी जी के योगदान को भुलाया नहीं जा सकता। देश को जागरूक करने के साथ ही, उन्होंने देश की तरक्की और खुशहाली के सम्बन्ध में भी अपने विचार दिए हैं। उनके बताए मार्ग पर चलने से कोई भी देश को विकसित और खुशहाल बनने से रोक नहीं सकता। उन्होंने कहा कि खादी को अपनाकर ग्राम स्वराज्य अभियान को गति दे सकतें है। आज आवश्यकता है कि चरखों को आधुनिक रूप देते हुये सोलर चरखे का प्रयोग किया जाये, जिससे कम समय में अधिक उत्पादन किया जा सके। भारत गाँवों का देश है जब गाँवों का विकास होगा तो देश स्वतः आगे बढ़ेगा। उन्होंने कहा कि इसी भावना के अनुरूप राज्य सरकार ने ‘एक जनपद एक उत्पाद’ योजना लागू की है।
UPCM राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की 150वीं जयंती पर उनकी प्रतिमा पर माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए
UPCM ने कहा कि गाँधी जी की 150वीं जयंती को व्यापक स्तर पर आयोजित करने के उद्देश्य से दो वर्षीय वृहद समारोह का आयोजन किया जा रहा है। प्रदेश सरकार नेें इस वृहद आयोजन की कार्य योजना तैयार की है।
UPCM ने कहा कि गाँधी जी स्वाधीनता के साथ-साथ स्वच्छता के प्रबल समर्थक थे। स्वच्छता की इसी भावना को प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने मूर्त रूप देने का काम किया है। प्रधानमंत्री ने 02 अक्टूबर 2014 को स्वच्छ भारत मिशन की शुरूआत की थी। उसी का परिणाम है कि आज प्रदेश के 75 जनपदों में से 34 जनपद ODF घोषित किये जा चुकें हैं, शेष 30 नवम्बर, 2018 तक ODF घोषित किये जायेंगे।
UPCM कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए
UPCM ने पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री की जयन्ती पर उन्हें स्मरण करते हुए कहा कि शास्त्री जी ने स्वाधीनता संग्राम में महत्वपूर्ण योगदान दिया और इसका सफल नेतृत्व किया। एक प्रधानमंत्री के रूप में उन्होंने विषम परिस्थितियों में राष्ट्र का क्षमतावान नेतृत्व करते हुए लोगों को अपने स्वाभिमान की रक्षा करना सिखाया। उन्होंने ‘जय जवान-जय किसान’ का नारा देते हुए देश को एकता के सूत्र में पिरोया। उनके अनुरोध पर पूरे राष्ट्र ने अनाज की कमी से निपटने के लिए उपवास रखना शुरू किया।
UPCM और राजयपाल राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की 150वीं जयंती पर उनकी प्रतिमा पर
UPCM ने दोनों विभूतियों के प्रति अपनी श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए उनके बताए रास्ते पर चलने का जनता से आह्वान किया। उन्होंने कहा कि गांधी जी स्वच्छता के प्रबल समर्थक थे और आज के परिप्रेक्ष्य में हम सब स्वच्छता को अपनाकर उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि अर्पित कर सकते हैं।
कार्यक्रम के दौरान ग्राम्य विकास राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) डॉ. महेन्द्र सिंह, शासन-प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी, गांधी आश्रम के कर्मचारी और बड़ी संख्या में गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।





