DC ने क्यों नहीं फेंका एक भी स्पिन ओवर? कप्तान Axar Patel ने किया खुलासा

दिल्ली कैपिटल्स (DC) के कप्तान अक्षर पटेल ने पंजाब किंग्स (PBKS) के खिलाफ तीन विकेट से मिली जीत के बाद खुशी जाहिर की। 211 रन का पीछा करते हुए DC की हालत एक समय 74/4 थी, लेकिन कप्तान अक्षर पटेल की 33 गेंदों में 56 रन और डेविड मिलर की 51 रन की पारी से टीम संभल गई।
आखिरी में विकेट गिरने के बावजूद आशुतोष शर्मा ने 24 रन की अहम पारी खेली, जबकि माधव तिवारी 8 गेंदों में 18 रन बनाकर नाबाद पारी खेली और आकिब नबी ने सिर्फ 2 गेंदों में 10 रन ठोककर टीम को जीत दिलाई। इस तरह डीसी ने 19 ओवर में 216/7 बनाकर मैच जीत लिया और प्लेऑफ की अपनी उम्मीदों को जिंदा रखा।
Axar Patel ने बताया क्या रहा मैच का टर्निंग प्वाइंट?
दरअसल, मैच में पहले बैटिंग करते हुए पंजाब किंग्स की टीम ने 210/5 का स्कोर बनाया था। प्रियांश आर्य ने 33 गेंदों का सामना करते हुए 56 रन बनाए और और प्रभसिमरन सिंह ने टीम को तूफानी शुरुआत दिलाई थी।
कप्तान श्रेयस अय्यर ने 36 गेंदों में नाबाद 59 रन बनाकर टीम की पारी को संभाला था, जबकि सूर्यांश शेडगे ने 21 रन की पारी खेली। गेंदबाजी में दिल्ली के लिए मुकेश कुमार ने 1 विकेट और माधव ने दो विकेट लिए। वहीं, पंजाब किंग्स की हार की मुख्य वजह मैच में कैच ड्रॉप करना, खराब गेंदबाजी और फील्डिंग की गलतियां रही।
वहीं, मैच में मिली जीत के बाद DC के कप्तान अक्षर पटेल (Axar Patel Statement) ने दिल्ली कैपिटल्स (DC) के ऑलराउंड प्रदर्शन पर खुशी जताई और उम्मीद की कि टीम बाकी मैचों में भी इसी लय को जारी रखेगी।
उन्होंने गेंदबाजों की तारीफ की, जो पहले कुछ ओवरों में 60 रन देने के बाद भी वापसी करने में कामयाब रहे और पंजाब किंग्स को पावरप्ले में 72 रन पर रोक दिया।
अक्षर ने इसे मैच का बड़ा टर्निंग प्वाइंट बताया। पोस्ट-मैच प्रेजेंटेशन में अक्षर ने कहा,
टीम जिस तरह खेली उससे बहुत खुश हूं, और उम्मीद है कि अगले दो मैचों में भी हम ऐसा ही करेंगे। गेंदबाजी में, पहले 3-4 ओवर में उनके 60 रन थे लेकिन पावरप्ले में उन्हें सिर्फ 72 पर रोकना, वो जीत का पल था। फिर बीच में मुकेश और माधव की गेंदबाजी, और उसके बाद मिलर के साथ मेरी साझेदारी, फिर युवाओं का मैच खत्म करना। हम जिस तरह का क्रिकेट खेल रहे हैं और हमारे पास जो खिलाड़ी हैं, उससे भविष्य मजबूत है। साहिल ने जो रन बनाए, मैंने पहले भी कहा था, वो भविष्य में अच्छा खिलाड़ी बन सकता है। जब कप्तान के पास ऐसे युवा खिलाड़ी हों तो वो बहुत खुश होता है, और जैसा आपने कहा, दिल्ली कैपिटल्स कुछ भी कर सकती है।
-अक्षर पटेल
बता दें कि पंजाब के खिलाफ दिल्ली की टीम ने मैच में एक भी स्पिन गेंद नहीं फेंकी। इस तरह दिल्ली की टीम आईपीएल इतिहास में ऐसी 13वीं टीम बन गई, जिसने एक आईपीएल पारी में 120 गेंदें तेज डालीं। इससे पहले साल 2016 में सनराइजर्स हैदराबाद ने आरसीबी के खिलाफ ऐसा किया था।
सोमवार को डीसी की टीम सिर्फ एक स्पिनर अक्षर पटेल के साथ उतरी थी, लेकिन उन्होंने भी मैच में एक भी गेंद नहीं फेंकी। मैच के बाद जब अक्षर से ये पूछा गया कि उन्होंने खुद गेंदबाजी क्यों नहीं की तो उन्होंने कहा कि विकेट का मिजाज कुछ अलग था। शुरुआती कुछ ओवरों के बाद, खासकर जब आकिब नबी ने गेंदबाजी की, तो उन्हें लगा कि गेंद स्विंग हो रही है और उसमें सीम भी मिल रही है।
अक्षर ने कहा,
शायद शुरुआती 3-4 ओवरों में उनके गेंदबाज सही जगहों पर गेंदबाजी नहीं कर पाए, लेकिन जब उन्हें एहसास हुआ कि तेज गेंदबाजों को मदद मिल रही है, तो उन्हें लगा कि स्पिन की ज्यादा जरूरत नहीं है। यहां तक कि जब उन्होंने माधव और आकिब को एक्ट्रा ओवर दिए, तब भी गेंद के साथ कुछ न कुछ हो रहा था। इसलिए उन्होंने सोचा कि अगर तेज गेंदबाजों को मदद मिल रही है, तो उन्हें खुद गेंदबाजी करने के बजाय उन्हीं का इस्तेमाल जारी रखना चाहिए।
-अक्षर पटेल





