भारत बॉन्ड ईटीएफ लॉन्च किया मोदी सरकार ने

केंद्रीय कैबिनेट ने एक नए डेट ईटीएफ फंड को लाने की मंजूरी दे दी है। इस डेट फंड में निवेश करने वाले लोगों को सरकार की तरफ से पूरी गारंटी मिलेगी। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने फैसले कि जानकारी देते हुए कहा कि लोग इसमें कम से कम तीन साल और ज्यादा से ज्यादा 10 साल के लिए निवेश कर सकेंगे।

केंद्र सरकार ने एडेलवाइस असेट मैनेजमेंट को इस बॉन्ड फंड को मैनेज करने की जिम्मेदारी कर दी है। वहीं एके कैपिटल सर्विस इस ईटीएफ की एडवाइजर है। इस ईटीएफ फंड में लोग म्यूचुअल फंड की तरह निवेश कर सकेंगे। हालांकि लोग इसमें जमा पैसे को केवल दो बार–अप्रैल 2023 और अप्रैल 2030 में निकाल सकेंगे। इस बॉन्ड से मिले कूपन को दोबारा से निवेश किया जा सकेगा। इसमें से पांच फीसदी सरकारी सिक्युरिटिज के लिए आरक्षित होगा। सरकार ने इस बॉन्ड के लिए -एएए की रेटिंग रखी है।
इस बॉन्ड को नाबार्ड, एनएचपीसी, पावर फाइनेंस कॉर्पोरेशन, न्यूक्लियर पावर कॉर्पोरेशन ऑफ इंडिया, आरईसी, नेशनल हाउसिंग बैंक, इंडियन रेलवे फाइनेंस कॉर्पोरेशन, पावरग्रिड, बीपीसीएल, इंडियन ऑयल, कोंकण रेलवे, स्मॉल इंडस्ट्रीज डेवलपमेंट बैंक ऑफ इंडिया, एक्सपोर्ट-इंपोर्ट बैंक, टीएचडीसी इंडिया, हाउसिंह एंड अर्बन डेवलपमेंट कॉर्पोरेशन और नॉर्थ इस्टर्न इलेक्ट्रिक पावर कॉर्पोरेशन शामिल हैं। किसी भी कंपनी में अगर सरकार की हिस्सेदारी 50 फीसदी से कम हो जाती है तो फिर उसको इस लिस्ट से हटा दिया जाएगा।





