इसलिए, बहन को पैर पकड़ नदी में फेंका, भाई ने बताई ऐसा करने की कुछ ऐसी कहानी
इंदौर।दस दिन पहले जावरा-बड़ावदा रोड स्थित मलेनी नदी में पुलिया के नीचे मिली युवती की लाश मामले में हत्यारा उसका बड़ा भाई निकला। शुरुआत में इसे आत्महत्या माना जा रहा था, लेकिन जांच में ऑनर किलिंग का मामला निकला। लड़की की हत्या उसी के बड़े भाई ने की थी।बहन के पैर पकड़कर उसने उसे पुलिया से नीचे नदी में फेंक दिया था।

ह्त्या का खुलासा भाईदूज
– एएसपी प्रदीप शर्मा व एसडीओपी डी.आर. माले ने बताया 12 अक्टूबर को दोपहर में बड़ावदा पुलिस को सूचना मिली कि मलेनी में पुलिया के नीचे एक लाश है। उसे बाहर निकाला। पास से बरामद फोन में मिले नंबर पर संपर्क किया तो शिनाख्त कशिश पति अली हुसैन खान के रूप में हुई। कशिश ने घर से भागकर शादी की थी।
– 5 मई को हत्या के एक मामले में अली हुसैन जेल चला गया। कशिश हनुमान गली में पिता नसरत खां के घर आ गई। वह हमेशा फोन पर किसी से बात करती थी। रोकने पर विवाद करती थी। हफ्तेभर हुसैन टेकरी रही। 11 अक्टूबर की रात वह गायब हो गई।
कार की डिक्की में बंद कर ले गया
– कशिश की मौत को आत्महत्या माना जा रहा था, लेकिन यह समझ नहीं आ रहा था कि रात में वह 14 किमी दूर नदी तक कैसे पहुंची। पुलिस ने भूतेड़ा टोल नाके के सीसीटीवी कैमरे की फुटेज देखे तो कशिश नहीं दिखी। इस बीच बड़ावदा थाना प्रभारी राजेंद्रसिंह पंवार ने टेकरी पर जांच की। यहां पता चला घटना वाली रात किसी व्यक्ति ने कशिश के साथ मारपीट की थी और फिर कार की डिक्की में जबरन डालकर कहीं ले गया था। इससे पुलिस की शंका पुख्ता हो गई। फिर पुलिस ने लोगों के कहे अनुसार कार का रंग पता किया और टोल नाके पर फुटेज देखे। इसमें एक इंडिगो कार रात 10.22 बजे बड़ावदा तरफ गई और वही रात 10.42 बजे वापस आई।
-कार के नंबर से पता चला कि गाडी इंदौर में खजराना स्थित मुश्ताक खान ट्रैवल एजेंसी की है। पुलिस खजराना पहुंची और एजेंसी पर पूछताछ की। इसमें पता चला यह कार अल्तमश उर्फ आशु पिता नुसरत खान चलाता है। पुलिस ने अल्तमश को हिरासत में लेकर पूछताछ की तो सब साफ हो गया।





