PSU बैंकों के मर्जर को कैबिनेट से सैद्धांतिक मंजूरी, मंत्रियों का समूह तय करेगा रोडमैप
नई दिल्ली। पब्लिक सेक्टर बैंकों के मर्जर के लिए कैबिनेट से सैद्धांतिक मंजूरी मिल गई है। जानकारी के मुताबिक इस मर्जर के लिए अल्टरनेटिव मकैनिज्म बनाने का फैसला लिया गया है। इसके तहत ग्रुप ऑफ मिनिस्टर बनेगा, जो मर्जर पर अपना निर्णय लेगा। फाइनेंस मिनिस्टर अरुण जेटली ने इस बात की जानकारी दी है। हालांकि, मर्जर कितने दिनों में पूरा हो जाएगा, इसकी कोई समय-सीमा नहीं तय की गई है।
सरकारी बैंकों के मर्जर के लिए बनने वाले मंत्रियों के पैनल में मेंबर्स का नाम पीएम नरेंद्र मोदी खुद तय करेंगे। जेटली ने बताया कि बैंकों के मर्जर का उद्देश्य ग्लोबल लेवल के बैंक तैयार करना है। उन्होंने बताया कि मर्जर का यह प्रस्ताव बैंकों की बोर्ड की ओर से आया था। फिलहाल मर्जर को लेकर एलान के बाद सरकारी बैंकों के शेयरों में तेजी दिखी है।
ग्लोबल साइज के बैंक तैयार करने की योजना
सरकार का प्लान है कि बैंकों के मर्जर के जरिए ग्लोबल साइज के 4 से 5 बैंक तैयार किए जा सकें। बता दें कि एसबीआई में उसके 5 सहयोगी बैंकों और भारतीय महिला बैंक के मर्जर के बाद यह बैंक दुनिया के 50 सबसे बड़े बैंकों में शामिल हो गया है।
NPAको ध्यान में रखकर होगा मर्जर
इसके पहले सरकार ने यह संकेत दिए थे कि मर्जर होना तय है, लेकिन फैसला कमर्शियली प्रूडेंट पैरामीटर को ध्यान में रखकर किया जाएगा। इसमें यह देखा जाएगा संबंधित बैंकों का मर्जर कमर्शियली टिक पाएगा या नहीं। बता दें कि फाइनेंशियल ईयर 2016-17 में अप्रैल से दिसंबर के दौरान पब्लिक सेक्टर बैंकों का बैड लोन 1 लाख करोड़ रुपए बढ़कर 6.06 लाख करोड़ रुपए हो गया। इनमें से बड़ा हिस्सा पावर, स्टील, रोड इंफ्रास्ट्रक्चर और टेक्सटाइल सेक्टर में है।
सभी पक्षों से चर्चा के बाद होगा फैसला
सरकार ने ये संकेत भी दिए थे कि जब भी कंसोलिडेशन होगा, सभी संबंधित पक्षों को ध्यान में रखा जाएगा। इनमें शेयरहोल्डर्स ही नहीं इंम्प्लॉइज को भी शामिल किया जाएगा। सरकार का मानना है कि ऐसा होने से सभी को फायदा होगा। अधिकारी ने कहा कि मर्जर से पहले संबंधित अथॉरिटीज और रेग्युलेटर्स तमाम मसलों पर विचार करेंगे। यही नहीं मर्जर के प्रपोजल्स को सीसीआई से भी मंजूरी लेनी होगी। आयोग इस बात पर विचार करेगा कि कंसोलिडेशन से बनने वाले नए बैंक की मार्केट में मोनोपोली तो नहीं होगी।
बैंकिंग सेक्टर इंडेक्स में बढ़त
वित्त मंत्री द्वारा कारोबार के आखिरी घंटे के दौरान इस बारे में किए गए एलान से पीएसयू बैंक में बढ़त और तेज हो गई। एनएसई पर बैंकिंग सेक्टर इंडेक्स 2 फीसदी से ज्यादा बढ़त के साथ बंद हुआ। इंडेक्स में शामिल सभी 11 इंडेक्स 1 फीसदी से ज्यादा की बढ़त के साथ बंद हुए हैं। इलाहाबाद बैंक में करीब 5 फीसदी, यूनियन बैंक में 4 फीसदी से ज्यादा की बढ़त दर्ज हुई है। पीएनबी, ओबीसी और बैंक ऑफ इंडिया 3 फीसदी से ज्यादा की तेजी के साथ बंद हुए हैं।





