खुशखबरी : 2018 से इंजिनियरिंग, आर्किटेक्चर के लिए भी सिंगल एंट्रेंस टेस्ट

मेडिकल कॉलेजों में दाखिले के लिए सिंगल एंट्रेंस की तर्ज पर अब इंजिनियरिंग और आर्किटेक्चर के लिए भी अंडरग्रैजुएट लेवल पर सिंगल एंट्रेंस टेस्ट होगा। केंद्र ने 2018 से सिंगल एंट्रेंस एग्जाम आयोजित करने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है।
 खुशखबरी : 2018 से इंजिनियरिंग, आर्किटेक्चर के लिए भी सिंगल एंट्रेंस टेस्ट
मानव संसाधन विकास मंत्रालय ने शैक्षिक वर्ष 2018-19 से प्रस्ताव के क्रियान्वयन के लिए ऑल इंडिया काउंसिल फॉर टेक्निकल एजुकेशन (एआईसीटीई) को एक उचित रेग्युलेशन जारी करने के लिए कहा है।

अमेरिका में कॉलेजों में दाखिले के लिए जिस तरह SAT का एक साल में कई बार आयोजन होता है, उसी तरह इसका भी आयोजन होगा। इसका मकसद शैक्षिक स्तर में समानता लाना और दाखिले में डोनेशन के बढ़ते प्रभाव को खत्म करना है।

सीबीएसई ने जारी किया यूजीसी नेट December 2015 का रिजल्‍ट

 आईआईटी सिंगल एंट्रेंस टेस्ट के दायरे से बाहर रहेंगे। वे पहले की तरह ही अपना खुद का एंट्रेंस एग्जाम आयोजित करेंगे।

एचआरडी मिनिस्ट्री ने एआईसीटीई से भाषाई विविधता को ध्यान में रखते हुए परीक्षा की प्रक्रिया तैयार करने को कहा है। एआईसीटीई के सूत्रों ने बताया कि नीट की तरह ही इसका भी कई भाषाओं में एग्जाम होगा। इस साल नीट का 10 भाषाओं में आयोजन होगा।

मौजूदा समय में कई राज्य अपना अलग इंजिनियरिंग टेस्ट आयोजित करते हैं या दाखिला 12वीं क्लास के मार्क्स के आधार पर होता है। पांच राज्यों के इंजिनियरिंग कॉलेज जेईई (मेंस) में प्राप्त अंकों के आधार पर दाखिला देते हैं। 27 राज्यों में कुल 3,288 इंजिनियरिंग कॉलेज हैं। सबसे ज्यादा 527 कॉलेज तमिलनाडु में हैं, फिर महाराष्ट्र में 372, आंध्र प्रदेश में 328, उत्तर प्रदेश में 295 और मध्य प्रदेश में 211 इंजिनियरिंग कॉलेज हैं।

News-Portal-Designing-Service-in-Lucknow-Allahabad-Kanpur-Ayodhya
Back to top button