भाजपा के विधायक ज्ञानचंद गुप्ता को हरियाणा की 14वीं विधानसभा का अध्यक्ष चुने गए….

भाजपा के विधायक ज्ञानचंद गुप्ता को हरियाणा की 14वीं विधानसभा का अध्यक्ष चुना गया है। उनको सर्वसम्मति से अध्यक्ष चुना गया। इससे पहले प्रोटेम स्पीकर डॉ. रघुबीर सिंह कादियान ने नव निर्वाचित विधायक शपथ दिलाई। सबसे पहले मुख्यमंत्री मनोहरलाल ने विधानसभा सदस्यता की शपथ ली। इसके बाद उपमुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला ने सदस्यता की शपथ ली। विधानसभा सत्र के पहले दिन सभी 90 विधायक बिना सीटिंग प्लान के संयुक्त रूप से सदन में बैठे हैं। मंगलवार को विधायकों का सीटिंग प्लान सेट कर दिया जाएगा।
ज्ञान चंद गुप्ता को विधानसभा अध्यक्ष चुने जाने के बाद मुख्यमंत्री मनोहर लाल, उपमुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला और पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने बधाई दी। पिछली विधानसभा में भाजपा विधायक दल के मुख्य सचेतक थे। आज विधानसभा अध्यक्ष पद के लिए मुख्यमंत्री मनोहरलाल ने ज्ञानचंद गुप्ता के नाम का प्रस्ताव किया और उपमुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला ने समर्थन किया।
हरियाणा के राज्यपाल सत्यदेव नारायण आर्य ने सबसे पहले प्रोटेम स्पीकर के रूप कांग्रेस के वरिष्ठ विधायक डॉ. रघुबीर सिंह कादियान को शपथ दिलाई। इसके बाद डॉ. कादियान ने विधानसभा में आसन संभाला और नई विधानसभा की पहली कार्यवाही शुरू हुई। प्रोटेम स्पीकर ने सबसे पहले मुख्यमंत्री मनोहरलाल को शपथ दिलाई। इसके बाद उपमुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला ने शपथ ग्रहण किया
प्रोटेम स्पीकर ने इसके बाद महिला विधायकों को शपथ दिलाई। जननायक जनता पार्टी की विधायक नैना चौटाला ने प्रोटेम स्पीकर रघुवीर कादियान के पैर छूकर आशीर्वाद लिया। सभी नौ महिला विधायकों को शपथ दिलाई गई। कांग्रेस की किरण चौधरी ने अंग्रेजी में शपथ ली। अन्य आठ महिला विधायकों ने हिंदी में पद गहण किया। इसके बाद प्रोटेम स्पीकर ने अन्य सदस्यों को शपथ दिलाई।
पहले दिन बिना सीटिंग प्लान के सदन में बैठे नव निर्वाचित विधायक
नए सीटिंग प्लान के मुताबिक मुख्यमंत्री मनोहर लाल स्पीकर के दाहिनी तरफ पिछली बार के स्थान पर बैठेंगे। उपमुख्यमंत्री दुष्यंत सिंह चौटाला उनके पास वाली उस सीट पर बैठेंगे। इस सीट पर पहले संसदीय कार्य मंत्री प्रो. रामबिलास शर्मा बैठते थे। विपक्ष के नेता के नाते भूपेंद्र सिंह हुड्डा स्पीकर के बायींं तरफ की सीट पर ठीक मुख्यमंत्री मनोहर लाल के सामने बैठेंगे।
भाजपा व जजपा विधायकों का सीटिंग प्लान मिला-जुला होगा। पहले भाजपा विधायकों की सीट तय होगी। उसके तुरंत बाद जजपा विधायकों के बैठने की व्यवस्था रहेगी। अधिकतर जजपा विधायक स्पीकर के सामने वाली सीटों पर बैठे नजर आएंगे। कांग्रेस विधायक इस बार उन सीटों पर नजर आएंगे, जिन पर पिछली बार अभय सिंह चौटाला के नेतृत्व में इनेलो विधायक बैठा करते थे।इनेलो के एकमात्र विधायक अभय चौटाला व हलोपा विधायक गोपाल कांडा भी विपक्ष की कुर्सियों पर कांग्रेस विधायकों के आसपास बैठे नजर आएंगे।
विधानसभा का तीन दिवसीय सत्र 4 से 6 नवंबर तक चलेगा। 4 नवंबर को सुबह 11 बजे सत्र की शुरुआत हुई। राज्यपाल सत्यदेव नारायण आर्य प्रोटेम स्पीकर के तौर पर कांग्रेस के सीनियर विधायक डा. रघुबीर कादियान को शपथ दिलाई। इसके बाद दोपहर दो बजे से डा. कादियान विधानसभा की कार्यवाही आगे बढ़ाते हुए बाकी विधायकों को शपथ दिलाने की शुरूआत की। विधायकों को अल्फाबेटिक (क्रमवार ए, बी, सी और डी…) जिलों के हिसाब से शपथ दिलाई गई।
क्या होता है प्रोटेम स्पीकर
संसदीय परंपरा के मुताबिक विधायकों को शपथ दिलाने के लिए राज्यपाल सदन के वरिष्ठतम सदस्यों में से किसी एक को प्रोटेम स्पीकर बनाते हैं। प्रोटेम लैटिन भाषा का शब्द है जिसका मतलब है कुछ समय के लिए। प्रोटेम स्पीकर की नियुक्ति आमतौर पर तब तक के लिए होती है जब तक विधानसभा अपना स्थायी अध्यक्ष नहीं चुन लेती। शपथ ग्रहण का पूरा कार्यक्रम प्रोटेम स्पीकर की देखरेख में होता है।





