मास्क या कफन! पसंद आपकी, सीतापुर ने निकाला लोगों को समझाने का अनोखा तरीका

सीतापुर। यूं तो कोरोना के बढ़ते ग्राफ के साथ नागरिकों की लापरवाहियां भी बढ़ती जा रही हैं, लेकिन समाज में कुछ ऐसे जागरुक लोग भी हैं जो अपनी जिम्मेदारियां तो बखूबी समझ ही रहे हैं, बल्कि लोगों को समझाने के लिए कोई भी तरीका अपनाने से पीछे नहीं हट रहे हैं। कुछ ऐसा ही कर गुजरने की ललक गुरुवार को सीतापुर की सड़कों पर देखने को मिली। शहर के एक जिम्मेदार नागरिक लोगों को मास्क की अहमियत समझाने के लिए स्वयं कफन पहनकर सड़कों पर निकल पड़े।
सीतापुर के लालबाग़ चौराहे पर कफन पहनकर मास्क वितरित करते विमल कश्यपयह अनोखा तरीका अपनाने वाले हैं शहर के मुहल्ला ग्वालमंडी निवासी विमल कश्यप। विमल कश्यप ने अपनी जिम्मेदारियों को बखूबी निभाते हुए स्वयं कफन पहना और सड़क पर निकलकर आम नागरिकों को मास्क की अहमियत समझाने निकले।
इन लोगों ने मास्क पहन नहीं पहन रखे थे, उन्हें विमल ने रोक कर मास्क की उपयोगिता बताते हुए कहा कि अगर अब भी कोरोना बीमारी को हल्के में लेते रहे वह दिन दूर नहीं जब आपको मास्क पहनने की कतई जरुरत नहीं पड़ेगी। मास्क की जगह कफन पहनना पड़ेगा।
लालबाग चैराहे पर पहुंचते ही उनको देखकर हर कोई हरकत में आ गया और जिन लोगों ने मास्क नहीं पहन रखे थे, उन लोगों ने भी अपने चेहरों को ढ़क लिया। उन्होंने संकल्प लिया है कि जब तक हर व्यक्ति अपनी जिम्मेदारियों को नहीं समझेगा तब तक वह इसी तरह से लोगों को जागरुक करते रहेंगे।





