राज्य स्थापना दिवस के मौके पर गैरसैंण के विकास की राह प्रशस्त करने में जुटी मौजूदा सरकार

उत्तराखंड आंदोलन की जनभावनाओं के केंद्र गैरसैंण (भराड़ीसैंण) के ग्रीष्मकालीन राजधानी बनने के बाद अब मौजूदा सरकार गैरसैंण के विकास की राह प्रशस्त करने में जुट गई है। राज्य स्थापना दिवस के मौके पर मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने गैरसैंण के विकास के लिए 10 साल में 25 हजार करोड़ रुपये खर्च करने की घोषणा की है। इसके तहत भराड़ीसैंण से चारों तरफ 70 किमी के दायरे को ग्रीष्मकालीन राजधानी परिक्षेत्र घोषित कर मास्टर प्लान के तहत विकसित किया जाएगा। सुनियोजित विकास का खाका खींचने के लिए मुख्य सचिव की अध्यक्षता में समिति गठित करने का एलान किया गया है। सरकार की कोशिशें फलीभूत हुई तो निकट भविष्य में यह परिक्षेत्र एकदम नए कलेवर में निखरा नजर आएगा। जाहिर है कि इससे आसपास के क्षेत्रों की तरक्की के दरवाजे भी खुलेंगे।

भौगोलिक लिहाज से राज्य के मध्य में स्थित गैरसैंण को मौजूदा प्रदेश सरकार ने इसी वर्ष मार्च में ग्रीष्मकालीन राजधानी घोषित किया। इसका नोटिफिकेशन होने के बाद अब इसके विकास पर ध्यान केंद्रित किया गया है। इसका मास्टर प्लान इस तरह से तैयार किया जाएगा, जिससे विकास के अंकुर पहाड़ से नीचे की तरफ फूटें। इसी के तहत ग्रीष्मकालीन राजधानी परिसर के साथ ही इसके चारों तरफ 70 किलोमीटर के दायरे को ग्रीष्मकालीन राजधानी परिक्षेत्र घोषित कर स्वास्थ्य, शिक्षा, पेयजल, सड़क, हवाई व रेल कनेक्टिविटी समेत अन्य नागरिक सुविधाओं के लिए आधारभूत ढांचा तैयार किया जाएगा। 

मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने राज्य स्थापना दिवस पर खुद गैरसैंण जाकर वहीं से क्षेत्र के चहुंमुखी विकास का एलान किया। इसके जरिये सरकार ने यह संदेश देने का भी कोशिश की है कि उसका इरादा गैरसैंण को सिर्फ ग्रीष्मकालीन राजधानी का तमगा देना भर नहीं, बल्कि उसके साथ ही आसपास के पूरे इलाके के विकास के लिए वह पूरी तरह प्रतिबद्ध है।

स्मार्ट सिटी की तर्ज पर टाउनशिप

ग्रीष्मकालीन राजधानी परिसर में स्मार्ट सिटी की तर्ज पर एकीकृत व्यवस्थाओं से लैस टाउनशिप विकसित की जाएगी। इसके तहत ग्रीन बिल्डिंग कांसेप्ट को अपनाने के साथ ही सौर ऊर्जा के वैकल्पिक इंतजाम होंगे।

रेल और एयर कनेक्टिविटी

ग्रीष्मकालीन राजधानी गैरसैंण को ऋषिकेश-कर्णप्रयाग रेल परियोजना से जोड़ने की दिशा में भी सरकार गंभीरता से जुटी है। इस सिलसिले में रेल मंत्री से दो बार की बातचीत भी सरकार कर चुकी है। शहरी विकास मंत्री मदन कौशिक के अनुसार गैरसैंण को रेल कनेक्टिविटी से जोड़ने पर विचार चल रहा है। एयर कनेक्टिविटी के मद्देनजर गैरसैंण में एयर स्ट्रिप के लिए सर्वे हो चुका है।

Ujjawal Prabhat Android App Download Link
News-Portal-Designing-Service-in-Lucknow-Allahabad-Kanpur-Ayodhya

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button