भड़काऊ बयानबाजी पर केंद्र सरकार शख्त, गांधी परिवार समेत कई लोगों के खिलाफ FIR की मांग

दिल्ली हाई कोर्ट ने केंद्र और दिल्‍ली सरकार को नागरिकता संशोधन कानून (CAA) को लेकर हो रहे विरोध प्रदर्शन के पीछे राष्ट्र विरोधी ताकतों का हाथ होने की जांच की याचिका को लेकर नोटिस जारी किया है। ऐसी आशंका जताई जा रही है कि हिंसा के पीछे किसी विशेष संगठन का हाथ है। इसके साथ ही कोर्ट ने केंद्र सरकार को हिंदू सेना की अपील पर एआइएमआइएम नेता अबरुद्दीन औवेसी, असदुद्दीन ओवैसी और वारिस पठान को भड़काऊ भाषण देने के आरोप में एफआइआर दर्ज करने की मांग पर नोटिस जारी किया है।  

इधर, हिंसा भड़काने के आरोप में अमानतुल्लाह खान, स्वरा भास्कर के खिलाफ कार्रवाई और दिल्ली हिंसा की एनआइए से जांच करने की मांग वाली याचिका पर भी दिल्ली हाई कोर्ट ने केंद्र सरकार को नोटिस जारी किया है।

बता दें कि हिंदू सेना की ओर से हाईकोर्ट से दायर याचिका में एआईएमआईएम नेता अकबरुद्दीन ओवैसी, वारिस पठान, कांग्रेस की अंतरिम अध्यक्ष सोनिया, गांधी, राहुल गांधी, प्रियंका गांधी, आप नेता मनीष सिसोदिया और अमानतुल्लाह खान के खिलाफ कार्रवाई की मांग की गई है।

यह भी पढ़ें: हिंसा में 38 की मौत, पुलिस की ओर से SIT का गठन

याचिका में कहा गया है कि अकबरुद्दीन ओवैसी, वारिस पठान, सोनिया, गांधी, राहुल गांधी, प्रियंका गांधी, आप नेता मनीष सिसोदिया और अमानतुल्लाह खान पर भड़काऊ भाषण देने के मामले में एफआईआर दर्ज की जाए। हिंदू सेना के अलावा लॉयर्स वॉयस ने भी याचिका दाखिल की है. उन्होंने कहा कि इन बयानों की जांच के लिए एसआईटी गठित कर उचित कार्रवाई की जाए।

वारिस पठान को मिला नोटिस, कल जांच अधिकारी के समक्ष होंगे पेश

ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लमीन (एआइएमआइएम) के नेता और पूर्व विधायक वारिस पठान को 29 फरवरी को अपने बयान दर्ज कराने का आदेश दिया है। यह जानकारी कलबुर्गी के पुलिस उपायुक्त एमएन नागराज ने दी। उन्होंने बताया कि पठान को नोटिस जारी किया गया है। उन्हें जांच अधिकारी के सामने पेश होकर अपने बयान दर्ज कराने होंगे। पठान ने कुछ दिनों पहले एक रैली में विवादित बयान दिया था।उन्होंने कहा था कि हम 15 करोड़ हैं मगर 100 करोड़ के ऊपर भारी पड़ेंगे। जिसपर उनके खिलाफ मामला दर्ज किया गया है।

बता दें कि कर्नाटक के कलबुर्गी में 16 फरवरी को नागरिकता संशोधन कानून (सीएए) के विरोध में आयोजित एक रैली में कहा था कि हमें (मुसलमानों को) साथ मिलकर आगे बढ़ना होगा। हमें आजादी चाहिए, इस तरह की चीजें हमें केवल मांगने से नहीं मिलती है, हमें इसे छीनना पड़ता है। यहां रखना हम 15 करोड़ हैं लेकिन 100 करोड़ पर भारी है। पठान का यह बयान सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हुआ था।

Back to top button