बांग्लादेश: कोमिल्ला में मंदिर के पास विस्फोट, सांप्रदायिक सौहार्द बिगाड़ने की कोशिश

बांग्लादेश के कोमिल्ला शहर में कलागाछितला मंदिर और पास की सड़क के पास हुई सिलसिलेवार पेट्रोल बम धमाकों में तीन लोग घायल हो गए। घायलों में मंदिर के पुजारी केशव चक्रवर्ती और स्थानीय निवासी अब्दुल बारेक शामिल हैं। तीसरे घायल व्यक्ति की पहचान अभी नहीं हो पाई है। घटना शनिवार शाम (07 मार्च) की है, जिसके चलते सांप्रदायिक सौहार्द बिगाड़ने की आशंका जताई जा रही है।
कोमिल्ला पुलिस अधीक्षक मो. अनीसुज्जमान ने बताया कि पुजारी और दो अन्य, जिनमें एक राहगीर भी शामिल है, विस्फोटों में घायल हुए हैं। उन्होंने कहा कि पुलिस जिम्मेदार लोगों को जल्द से जल्द गिरफ्तार करने के लिए तलाशी अभियान चला रही है।
कोटवाली मॉडल पुलिस स्टेशन के थाना प्रभारी मो. तौहीदुल अनवर ने मीडिया को बताया कि पुलिस ने घटनास्थल से सीसीटीवी फुटेज प्राप्त कर लिया है और घटना की जांच कर रही है। उन्होंने कहा, ‘इस समय, हम मकसद की पुष्टि नहीं कर सकते या विस्फोटों के पीछे के लोगों की पहचान नहीं कर सकते। हालांकि, अपराधियों को गिरफ्तार करने के लिए अभियान चलाए जा रहे हैं।’
धमाके का सीसीटीवी फुटेज आया सामने
सीसीटीवी फुटेज के अनुसार शाम करीब 6:28 बजे एक नकाबपोश व्यक्ति एक बैग लेकर मंदिर परिसर में घुसता है। आसपास कई अन्य लोग भी खड़े दिखाई दे रहे थे। बैग रखने के बाद नकाबपोश व्यक्ति भाग गया, और कुछ ही क्षणों बाद एक विस्फोट हुआ, जिसमें पुजारी केशव चक्रवर्ती घायल हो गए। उन्हें बाद में इलाज के लिए अस्पताल ले जाया गया। पुलिस ने बताया कि हमलावरों ने भागते समय पास के एक बौद्ध मंदिर और आस-पास की सड़क पर दो और क्रूड बम विस्फोट किए।
सांप्रदायिक सौहार्द बिगाड़ने की आशंका
हिंदू-बौद्ध-ईसाई एकता परिषद, कोमिल्ला इकाई के महासचिव तपस बख्शी ने कहा कि यह हमला सांप्रदायिक सौहार्द बिगाड़ने के उद्देश्य से किया गया हो सकता है। उन्होंने कहा, ‘पुलिस ने घटनास्थल से एक कुल्हाड़ी और एक बैग सहित कुछ सबूत जब्त किए हैं। हम इस घटना की उचित जांच की मांग करते हैं।’ ऐसे ही एक श्यामलाल कृष्ण साहा ने भी कहा कि हमले का उद्देश्य सांप्रदायिक सद्भाव को बाधित करना था। उन्होंने कहा, ‘इलाके में एक बौद्ध मंदिर, दो हिंदू मंदिर और एक मस्जिद है। ऐसा प्रतीत होता है कि विस्फोटों को इस स्थान को लक्षित करके अंजाम दिया गया है।’





