फायदा नहीं नुकसान पहुंचाती हैं शुगर फ्री गोलियां, बढ़ता है मोटापा और दिल की बीमारी का खतरा

क्या आप भी अपने खाने-पीने की चीजों में आर्टिफिशियल स्वीटनर यानी कि कृत्रिम मिठास के इस्तेमाल के आदी हैं। अगर हां तो अब आपको संभल जाने की जरूरत है। एक नए शोध में इस बात का पता चला है कि कृत्रिम मिठास के प्रयोग से मधुमेह, हाई ब्लडप्रेशर और दिल संबंधी बीमारियों का खतरा काफी बढ़ जाता है। इसके अलावा इसके इस्तेमाल से वजन बढ़ने और मोटापे की चपेट में आने की भी संभावना होती है। ये सारी चीजें आगे चलकर गंभीर दिल संबंधी बीमारियों का कारण बन सकती हैं।

कनाडा की मानिटोबा यूनिवर्सिटी में हुए एक शोध में इस बात का खुलासा हुआ है कि कृत्रिम मिठास के इस्तेमाल से लोगों के शरीर में पाचन क्रिया पर विपरीत असर पड़ता है। इसका प्रयोग आंतों में मौजूद बैक्टीरिया पर नकारात्मक असर डालता है जिससे भूख लगने की आदत प्रभावित होती है। शोधकर्ताओं ने बताया कि स्वस्थ रहने के मकसद से लोग चीनी की जगह आर्टिफिशियल स्वीटनर का इस्तेमाल करते हैं। उनको यह नहीं पता होता है कि इसका प्रयोग मोटापे और दिल संबंधी बीमारियों को न्यौता दे सकता है। शोध में शामिल लोगों का कहना है कि आजकल काफी मात्रा में प्रयोग में लाए जा रहे कृत्रिम मिठासों में एस्पार्टेम, सुक्रलोज और स्टेविया जैसे तत्व शामिल होते हैं।





