नरेंद्र दाभोलकर हत्या मामले में सीबीआइ ने आज पुणे अदालत को किया सूचित, पढ़े पूरी खबर

नरेंद्र दाभोलकर हत्या मामले में सीबीआइ ने आज पुणे अदालत को सूचित किया कि उसे दाभोलकर की हत्या के लिए इस्तेमाल किए जाने वाले हथियार के लिए समुद्र में खोज करने की सभी मंजूरी मिल गई है। सीबीआइ ने अदालत के समक्ष यह भी उल्लेख किया कि अभी बरसात की वजह से जल स्तर ऊंचा है और जल स्तर में कमी होते ही वे खोज शुरू कर देंगे।

कौन थे दाभोलकर

नरेंद्र अच्युत दाभोलकर पेशे से डॉक्टर थे। अंधविश्वास के खिलाफ समाज को जागृत करने का काम भी करते थे। इस क्रम में उन्होंने 1989 में महाराष्ट्र अंधविश्वास निर्मूलन समिति भी बनाई थी जिसके वो अध्यक्ष थे। सामाजिक कार्यकर्ता के रूप में काम कर रहे दाभोलकर कई बार जान से मारने की धमकी मिल चुकी थी। 20 अगस्त 2013 को पुणे में जब वो मॉर्निंग वॉक पर निकले थे तब उनकी गोली मारकर हत्या कर दी गई थी।

दाभोलकर हत्या मामले की जांच सीबीआइ और सीआइडी कर रहे हैं। हाईकोर्ट दाभोलकर के परिवार की याचिका पर सुनवाई कर रहा है। जांच एजेंसियों के मुताबिक लंकेश की हत्या में आरोपित शरद कालसकर ने गिरफ्तारी के बाद पूछताछ में कुबूल किया है कि वह दाभोलकर की हत्या से भी जुड़ा हुआ है।

Back to top button