टीम इंडिया में वापसी के लिए दो नई गेंदबाजी स्किल्स पर काम कर रहे उमरान

भारतीय तेज गेंदबाज उमरान मलिक एक बार फिर टीम इंडिया में वापसी को लेकर पूरी तरह फोकस्ड हैं। चोटों और फॉर्म की चुनौतियों के चलते वे जुलाई 2023 से भारतीय टीम का हिस्सा नहीं रहे हैं। लेकिन अब उमरान मैदान पर लौट चुके हैं और पहले से ज्यादा आत्मविश्वास के साथ खेल रहे हैं। कोलकाता में सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी में उत्तर प्रदेश के खिलाफ मुकाबले के बाद उन्होंने अपने भविष्य, गति और नई गेंदबाजी स्किल्स के बारे में खुलकर बात की।
150 किमी की रफ्तार ही पहचान: उमरान
उमरान ने कहा कि तेज गेंदबाज केवल रन रोकने के लिए नहीं बल्कि विकेट लेने के लिए जाने जाते हैं। उन्होंने कहा, ‘150 किमी की रफ्तार से गेंदबाजी करने वाला गेंदबाज स्ट्राइक गेंदबाज नहीं, अटैकिंग गेंदबाज होता है। भले ही वह चार ओवर में 30 रन दे दे, लेकिन विकेट जरूर लेकर देगा।’ उन्होंने आगे कहा कि तेज गेंदबाजी महज ट्रेनिंग का नतीजा नहीं बल्कि एक प्राकृतिक प्रतिभा है। उन्होंने कहा, ‘हर कोई इस स्पीड पर गेंदबाजी नहीं कर सकता। इसके लिए हिम्मत चाहिए। मैं पिछले पांच साल से 150+ की स्पीड पर गेंद डाल रहा हूं।’
गति एक कला है, मेहनत नहीं: उमरान
उमरान मलिक ने तेज गेंदबाजी को एक आर्ट बताया। उन्होंने कहा, ‘आप 137 से 145 तक पहुंच सकते हैं, लेकिन 150 एक अलग स्तर है। आप बस ट्रेनिंग और प्रैक्टिस से इसे हासिल नहीं कर सकते। यह नेचुरल है।’ उन्होंने फिटनेस के महत्व पर भी जोर दिया और कहा कि इसके लिए डाइट, रिकवरी और मेंटेनेंस जरूरी है।
नई स्किल्स पर फोकस
उमरान सिर्फ स्पीड पर निर्भर नहीं रहना चाहते। वह अब अपनी गेंदबाजी में विविधता जोड़ रहे हैं। उन्होंने कहा, ‘अब मैं धीमी गेंद और यॉर्कर पर काम कर रहा हूं। लाल गेंद और सफेद गेंद दोनों फॉर्मेट में इन स्किल्स को बेहतर कर रहा हूं।’ यह दिखाता है कि उमरान अब आधुनिक क्रिकेट के अनुसार खुद को अपडेट कर रहे हैं, जहां सिर्फ गति नहीं बल्कि गेंदबाजी रणनीति और नियंत्रण भी अहम हैं।
चोटों के बावजूद आत्मविश्वास बरकरार
IPL 2024 में उमरान ने 156.7 किमी/घंटा की रफ्तार दर्ज की थी। हालांकि इसके बाद चोटों ने उन्हें लंबे समय तक दूर रखा। लेकिन वह मानसिक रूप से कभी कमजोर नहीं पड़े। उन्होंने आत्मविश्वास के साथ कहा, ‘मुझे पता है कि मैं वापसी करूंगा। भारतीय टीम में लौटूंगा। मुझे अपनी क्षमता पर भरोसा है।’





