अफगानिस्तान पर पाकिस्तान ने फिर की एयरस्ट्राइक; दोनों देशों में बढ़ा तनाव, भारत ने जताई कड़ी आपत्ति

अफगानिस्तान में पाकिस्तान और तालिबान के बीच तनाव बढ़ गया है। तालिबान प्रवक्ता जबिहुल्लाह मुजाहिद ने आरोप लगाया कि पाकिस्तान वायुसेना ने कंधार एयरपोर्ट के पास निजी एयरलाइन काम एयर के ईंधन डिपो पर हमला किया, जबकि खोस्त प्रांत में गोलाबारी में एक परिवार के चार लोगों की मौत हो गई।
अफगानिस्तान में पाकिस्तान और तालिबान के बीच तनाव एक बार फिर बढ़ गया है। तालिबान के प्रवक्ता जबिहुल्लाह मुजाहिद ने शुक्रवार को आरोप लगाया कि पाकिस्तान वायुसेना ने कंधार हवाईअड्डे के पास निजी एयरलाइन काम एयर के ईंधन डिपो पर हवाई हमला किया है।
मुझाहिद ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट करते हुए कहा कि यह कंपनी घरेलू एयरलाइनों के साथ-साथ संयुक्त राष्ट्र के विमानों को भी ईंधन उपलब्ध कराती है। उन्होंने पाकिस्तान पर पहले भी एक राष्ट्रीय व्यापारी हाजी खान जादाह के ईंधन भंडारण पर हमला करने का आरोप लगाया।
खोस्त प्रांत में भी गोलाबारी
रिपोर्ट्स के मुताबिक पाकिस्तान की सेना ने अफगानिस्तान के खोस्त प्रांत के अलीशेर-तेरेजाई जिले के कई इलाकों को भी निशाना बनाया। यह क्षेत्र तथाकथित डूरंड रेखा के पास स्थित है। अफगान मीडिया टोलो न्यूज के अनुसार, तोपखाने की गोलाबारी में एक ही परिवार के चार लोगों की मौत हो गई, जबकि तीन अन्य घायल हो गए।
फरवरी से बढ़ा सैन्य टकराव
दोनों देशों के बीच सीमा पर पिछले महीने से हवाई हमलों और सैन्य झड़पों का सिलसिला तेज हो गया है। 27 फरवरी को पाकिस्तान ने अफगान राजधानी काबुल समेत कई शहरों में हवाई हमले किए थे।
पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ ने उस समय इसे खुला युद्ध बताते हुए कहा था कि पाकिस्तान का सब्र का प्याला भर चुका है। उन्होंने तालिबान पर वैश्विक आतंकियों को पनाह देने और उग्रवाद को बढ़ावा देने का आरोप लगाया। इसके जवाब में अफगानिस्तान के रक्षा मंत्रालय ने दावा किया कि 26 फरवरी को डूरंड रेखा के पास जवाबी कार्रवाई में 55 पाकिस्तानी सैनिक मारे गए।
टीटीपी और सीमा विवाद से बढ़ा संकट
विश्लेषकों के अनुसार, 2021 में तालिबान के सत्ता में लौटने के बाद से पाकिस्तान-अफगानिस्तान संबंध लगातार तनावपूर्ण बने हुए हैं। पाकिस्तान लंबे समय से आरोप लगाता रहा है कि अफगानिस्तान में तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान को सुरक्षित ठिकाने मिलते हैं।
2007 में बना यह संगठन अफगान तालिबान से अलग है, लेकिन विचारधारा और नेटवर्क के स्तर पर दोनों के बीच गहरे संबंध बताए जाते हैं। हाल के वर्षों में पाकिस्तान में बलूचिस्तान लिबरेसन आर्मी और टीटीपी के हमलों में भी बढ़ोतरी देखी गई है, खासकर खैबर पख्तूनख्वा और बलूचिस्तान में।
भारत की कड़ी प्रतिक्रिया
भारत ने अफगान क्षेत्र में पाकिस्तान के हवाई हमलों की कड़ी निंदा की है। नई दिल्ली ने विशेष रूप से रमजान के दौरान महिलाओं और बच्चों सहित नागरिकों की मौत पर चिंता जताई और अफगानिस्तान की संप्रभुता व क्षेत्रीय अखंडता के समर्थन को दोहराया।





