यहां मेरे और मेरे पुत्र आदित्य ठाकरे के बारे में इस्तेमाल की जा रही भाषा पर प्रधानमंत्री चुप क्यों हैं- उद्धव ठाकरे

महाविकास आघाड़ी (मविआ) की तीसरी ‘वज्रमूठ’ रैली को संबोधित करते हुए शिवसेना उद्धव गुट के अध्यक्ष उद्धव ठाकरे ने कहा कि वह किसी दल द्वारा प्रधानमंत्री को दी जाने वाली गालियों का समर्थन नहीं करते। लेकिन, यहां मेरे और मेरे पुत्र आदित्य ठाकरे के बारे में इस्तेमाल की जा रही भाषा पर प्रधानमंत्री चुप क्यों हैं।

हम पीएम को गाली दिए जाने का नहीं करते समर्थन- उद्धव ठाकरे
उद्धव का इशारा भाजपा एवं शिंदे गुट के नेताओं द्वारा उन पर की जा रही टिप्पणियों की ओर था। उन्होंने कहा कि हाल ही में कर्नाटक में चुनाव प्रचार करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि कांग्रेस द्वारा उन्हें अब तक 91 गालियां दी जा चुकी हैं। हम प्रधानमंत्री को गाली दिए जाने का समर्थन नहीं करते। हम आपका सम्मान करते हैं। लेकिन, आपके लोग बोलेंगे, तो हम भी बोलेंगे।
कांग्रेस, राकांपा और शिवसेना उद्धव गुट के नेताओं ने वज्रमूठ रैली में हुए शामिल
उद्धव ने कहा कि भाजपा के वरिष्ठ नेता रहे प्रमोद महाजन एवं विनय सहस्त्रबुद्धे ने अपने लोगों को संस्कार सिखाने के लिए रामभाऊ म्हालगी प्रबोधिनी बनाई थी। क्या वहां यही संस्कार सिखाए हैं आपने। सोमवार को मुंबई में मविआ की ओर से आयोजित वज्रमूठ रैली में इस गठबंधन के तीनों दल कांग्रेस, राकांपा और शिवसेना उद्धव गुट शामिल हुए और तीनों दलों के नेताओं ने भविष्य में सारे चुनाव साथ मिलकर लड़ने का संकल्प व्यक्त किया।
हाल ही में हुए बाजार समिति के चुनाव में मविआ को अच्छी सफलता मिली है। इससे उत्साहित तीनों दलों के वरिष्ठ नेताओं कांग्रेस के अशोक चह्वाण, राकांपा के अजीत पवार एवं शिवसेना उद्धव गुट के उद्धव ठाकरे ने भविष्य के सभी चुनाव साथ मिलकर लड़ने की बात कही।
मुंबई को महाराष्ट्र से तोड़ने की कोशिश पर मचेगा तहलका
मालूम हो कि सोमवार को महाराष्ट्र का स्थापना दिवस भी था। इसलिए, इस अवसर पर उद्धव ठाकरे ने एक बार मुंबई को महाराष्ट्र से अलग किए जाने की आशंका जताते हुए कहा कि यदि किसी ने मुंबई को महाराष्ट्र से तोड़ने की कोशिश की तो वे उसके टुकड़े-टुकड़े कर देंगे।





