देश की प्रमुख वाहन कंपनी टाटा मोटर्स ने अपनी कारों की कीमत 60,000 रुपये तक बढ़ाने का फैसला किया है. नई कीमत एक अप्रैल से लागू होगी. कारों की निर्माण लागत बढ़ने के कारण इनकी कीमतें बढ़ाई गई है. गौरतलब है कि कई अन्य प्रमुख कार कंपनियों ने अपनी गाड़ियों की कीमत बढ़ाई है. टाटा मोटर्स के पैसेंजर वेहिकल बिजनेश के प्रमुख मयंक पारीक के मुताबिक लागत में बढ़ोतरी, बाजार की बदलती स्थिति और कई अन्य आर्थिक कारकों के कारण कीमतें बढ़ाई गई है.

पारीख ने यह भी कहा कि कीमत बढ़ाने के उनकी कारों की बिक्री नहीं घटेगी, क्योंकि कंपनी ने कई नई कारें बाजार में उतारी हैं. इनमें TIAGO, HEXA, TIGOR और NEXON प्रमुख हैं. रेवेन्‍यू के हि‍साब से देश की सबसे बड़ी ऑटोमोबाइल कंपनी ने कहा है कि वह अपने प्रोडक्‍ट पोर्टफोलि‍यो के दम पर आने वाले साल में अपनी ग्रोथ को बरकरार रखेगी.

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इसी माह जेनेवा में संपन्न ऑटो शो में टाटा मोटर्स ने कहा था कि अगले पांच साल में अपने यात्री वाहन पोर्टफोलियो को पूरी तरह बदल देगी ताकि बिक्री बढ़ाते हुए बाजार में भागीदारी बढ़ाई जा सके. कंपनी के सीईओ व प्रबंध निदेशक गुएंतर बुशचेक ने कहा कि कंपनी के नये वाहन (ओमेगा आप्टिक्ल मोड्यूलर एफिशियंट ग्लोबल एडवांस्ड) तथा एएलएफए (एजाइल लाईट एडवांस्ड आर्किटेक्चर) पर बनाए जाएंगे.

उन्होंने कहा, ‘अगले पांच साल में.. 2023-24 तक हमारा उत्पाद पोर्टफोलियो पूरी तरह नया होगा. उन्होंने कहा कि कंपनी के भावी वाहन उक्त नये ढांचे पर बने होंगे.’ उन्होंने कहा कि कंपनी एसयूवी सहित सभी खंडों में बहुत आक्रामक रुख अपनाएगी.