तो चलिए जानें स्टीम थेरेपी किन समस्याओं का हल होती है…

गर्मी के मौसम में तापमान ऊपर नीचे होने से काफी सारे लोग सर्दी-खांसी से परेशान है। ऐसे में स्टीम थेरेपी काफी हेल्प करती है। भाप की मदद से कफ को आसानी से निकलने में मदद मिलती है। स्टीम थेरेपी काफी पुरानी ट्रेडिशनल थेरेपी है। जिसकी मदद से बच्चे और बूढ़ों को सबसे ज्यादा राहत मिलती है। लेकिन स्टीम थेरेपी केवल सर्दी खांसी से राहत देने में काम नहीं आती। इसकी मदद से और भी काफी सारी परेशानियों से राहत मिलती है। तो चलिए जानें स्टीम थेरेपी किन समस्याओं का हल होती है।

क्या होती है स्टीम थेरेपी
गर्म पानी की भाप को चेहरे या फिर जरूरी अंगों पर लिया जाता है। स्टीम थेरेपी का घरेलू इस्तेमाल ज्यादातर सर्दी-जुकाम में किया जाता है। गर्म पानी करके उसके भाप को चेहरा ढंककर लेने से कफ और बलगम को निकलने में मदद मिलती है। जिससे सीने में जकड़न और बंद नाक से राहत मिलती है। स्टीम थेरेपी को और भी कई सारे तरीकों से अलग-अलग फायदों के लिए लिया जाता है।
बंद नाक को खोलने में मदद
सर्दी-खांसी होने पर अक्सर कफ की वजह से नाक ब्लॉक हो जाती है। ऐसे में स्टीम थेरेपी बंद नाक को खोलने में मदद करती है। नाक के रास्ते में जमा कफ निकल जाती है और सांस लेने में आसानी होती है।
सीने में जकड़न और सांस लेने में तकलीफ
भाप लेने से फेफड़ों तक जमा म्यूकस को निकलने में मदद मिलती है। जिससे सीने में जकड़न और सांस लेने में होने वाली तकलीफ से राहत मिलती है। साथ ही फेफड़ों की सेहत भी अच्छी होती है।
सिरदर्द में राहत
कई बार तनाव और सांस लेने में तकलीफ, नोज ब्लाकेज सिर दर्द का कारण बन जाते हैं। ऐसे में स्टीम लेने से सिर के दर्द में राहत मिलती है।
स्किन के लिए फायदेमंद
स्टीम का असर केवल म्यूकस रिलीज करने और लंग्स के हेल्दी रहने में ही मदद नहीं करता। बल्कि स्टीम स्किन को भी क्लीन एंड क्लियर बनाता है। भाप लेने से चेहरे पर जमा डेड स्किन आसानी से निकल जाती है। साथ ही एक्ने, पिंपल और इसके बैक्टीरिया भी साफ हो जाते हैं। साथ ही ब्लॉक हो चुके पोर्स स्टीम लेने की वजह से खुलते हैं और स्किन क्लीन हो जाती है।
स्टीम लेने से पोर्स खुल जाते हैं और स्किन प्रोडक्ट आसानी से अब्जॉर्ब होने लगते हैं। जिससे स्किन हाइड्रेटेड बनी रहती है।





