दिसंबर की इस रात को दुनिया के लगभग हर इलाको में तारों की बारिश, जानें कब दिखेगा यह नजारा

अनंत रहस्यों को स्वयं में छिपाए आकाश हमेशा से हमारे और वैज्ञानिकों के लिए जिज्ञासा का केंद्र रहा है। कभी इंद्रधनुष तो कभी सूर्य और चंद्र ग्रहण से हमारी आंखें अपनी ओर खींचे ही रखता है। अभी कुछ दिन पहले ही हम सुपरमून जैसी भौगोलिक घटना से रूबरू हुए।
अब एक और मौका आ रहा है जब पूरी दुनिया की निगाहें आकाश की ओर होंगी। दरअसल, जल्द ही हम अंतरिक्ष में तारों की बारिश होते हुए देखेंगे। आसमान में होने वाली इस घटना को जेमिनिड्स कहा जाता है।
जेमिनिड्स में कई तारे और उल्का झुंड में धरती पर बरसते हुए दिखाई देते हैं। यह खूबसूरत नजारा 13 और 14 दिसंबर की रात को दुनिया के लगभग हर इलाके में देखा जा सकेगा।
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वैज्ञानिकों के मुताबिक, यह उल्कापात या मीटियोर की ये बारिश सालना प्रक्रिया है। यह हर वर्ष दिसंबर में होती है। इस बार 13 और 14 तारीख को ये अपनी चरम पर होगी। इसे विश्व के उत्तरी हिस्सों के सभी देशों में नग्न आंखों से देखा जा सकेगा।
दरअसल, हर साल जब पृथ्वी 3200 फैथोन नाम की पथरीली अंतरिक्ष वस्तु के पास से गुजरती है तो इसके आस-पास का कचरा पृथ्वी के वातारण में आने के कारण जल जाता है। जब अंतरिक्ष के कचरे के ऐसे कई छोटे-छोटे तत्व एक साथ जलते हैं तो ये धरती पर आसमान से हो रही किसी चमकीली तारों की बारिश जैसे लगते हैं। इसे आप नासा की वेबसाइट पर जाकर लाइव देख सकते हैं।





