पंजाब: किडनैपर आर्ट टीचर ने MD के बच्चे को किया अगवा, इस कारण निकाला था स्कूल से

  • बठिंडा.सेंट कबीर स्कूल भुच्चो खुर्द में आर्ट एंड क्राफ्ट टीचर 27 वर्षीय जयदेव वेश बदलकर छात्रा के घर चला गया था। स्कूल के एमडी प्रोफेसर एमएल अरोड़ा को जयदेव की गलत हरकतों का जब पता चला तो उन्होंने करीब 8 महीने पहले उसे स्कूल से निकाल दिया था। इसके बाद किसी अन्य निजी स्कूल में टीचर होते हुए जयदेव फिर से सेंट कबीर स्कूल के एक समागम में पगड़ी पहनकर वेश बदलकर चला गया।
     किडनैपर आर्ट टीचर ने MD के बच्चे को किया अगवा, इस कारण निकाला था स्कूल से
    प्रबंधकों ने दूसरे स्कूल के प्रबंधकों को उसकी शिकायत कर दी। वहां से भी काम से निकाले जाने के बाद आर्ट टीचर जयदेव ने वाॅल पेपर डेकोरेशन का अपना काम कर लिया। उसके बिजनेस में लेबर बलजीत सिंह उसकी ही बिरादरी का होने के कारण दोनों ने सेंट कबीर के एमडी से बदला लेने की ठान ली। इसके तहत दोनों ने एमडी प्रोफेसर एमएल अरोड़ा के पोते छात्र सोमिल अरोड़ा को किडनेप करने की साजिश की।

    ग्रामीणों की जांबाजी, पुलिस ने सेहरा अपने सिर बांधा

    शहर के नामी स्कूल से नामी हस्ती के पोते की किडनैपिंग के बाद भले की किडनेप की एक चूक के कारण पुलिस ने उसकी लोकेशन पता कर ली थी। लेकिन पुलिस से दो बार सामना होने के बाद किडनेपरों को पुलिस के हाथ से निकलने में ज्यादा मशक्कत नहीं करनी पड़ी। गांव कुट्टी में जब ग्रामीणों ने छात्र को सहमे हुए किडनेपरों के साथ देखा तो जांबाज ग्रामीणों ने किडनेपरों को दबोच कर छात्र को सुरक्षित पुलिस के हवाले कर दिया।
    खेतों की आड़ लेकर भागे दूसरे किडनैपर बलजीत कुमार को भी ग्रामीणों ने खेतों से ढूंढ निकाला। इस किडनैपर की ग्रामीणों द्वारा पिटाई की वीडियो भी वायरल हो गई। लेकिन इसके बावजूद पुलिस उच्च अधिकारियों ने छात्र को सुरक्षित रिकवर करने का सेहरा अपने सिर बांधने की कोशिश की। लेकिन जब सवाल उठे तो पुलिस अधिकारियों ने ग्रामीणों की जांबाजी की प्रशंसा करते हुए प्रशासन उन्हें सम्मानित करवाने की बात कहते हुए किडनेपरों को काबू करने में ग्रामीणों के सहयोग की प्रशंसा की।

    ड्राइवर को चकमा देकर स्कूल बस से सोमिल को उतारा

    चूंकि किडनैपर जयदेव सेंट कबीर स्कूल में आर्ट टीचर की जॉब कर चुका था। इसलिए उसे एमडी प्रोफेसर एमएल अरोड़ा के बारे में पूरी जानकारी थी। वह एक हफ्ते तक सेंट जोसेफ स्कूल के बाहर सोमिल की रैकी कर रहा था। बुधवार को सेंट जोसेफ स्कूल की छुट्टी के होने से आधा घंटा पहले जयदेव वहां पहुंच गया। सोमिल अरोड़ा के स्कूल से बाहर आकर स्कूल वैन में चढ़ने के बाद जयदेव ने ड्राइवर गुरबख्श सिंह को छात्रा के दादा ओर अन्य पारिवारिक सदस्यों का नाम बताकर अपने झांसे में ले लिया। वहीं दादा आेर पिता का नाम सुनने के बाद सोमिल भी उसके साथ कार में बैठ गया।

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    कॉन्फ्रेंस में किडनेपिंग का सोच सोचकर रोती रही बच्चे की मां

    किडनेपर्स के पकड़े जाने के बाद बठिंडा में जब आईजी प्रेस कॉन्फ्रेंस कर रहे थे तो बच्चेे की मां डॉ. पूजा अरोड़ा पीछे वारदात के डर से पीछे बैठ रोती रही।

    कांफ्रेंस में न हथियार, न जख्मी पुलिस वाले आए

    अमूमन पुलिस की ओर से जब भी किसी अपराधी को हथियारों के साथ पकड़ा जाता है तो उस उपलब्धि के लिए पुलिस बरामदगी के साथ प्रेस कांफ्रेंस करती है। लेकिन छात्र किडनैपिंग मामले में न तो प्रेस कांफ्रेंस में पुलिस किडनेपरों के हथियार पेश कर पाई ओर न ही बहादुरी दिखाने वाले घायल पुलिस कर्मियों को मीडिया के सामने सार्वजनिक किया गया।
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