सीएम कैप्टन ने बताए पंजाब के हालात, हम बोले-पंचकूला नहीं बनने देंगे

लुधियाना।सीबीआई कोर्ट द्वारा डेरा मुखी गुरमीत राम रहीम सिंह को दोषी करार दिए जाने के बाद पंचकूला में भड़की हिंसा में शुक्रवार को जो 30 लोग मारे गए थे उनमें 8 मालवा के थे। पंजाब के सीएम कैप्टन अमरिंदर सिंह ने चंडीगढ़ स्थित पंजाब भवन में प्रेस कॉन्फ्रेंस में यह जानकारी दी। कैप्टन ने कहा है कि पंजाब में पंचकूला जैसे हालात नहीं बनने दिए जाएंगे। केंद्र से पैरामिलिट्री की जितनी फोर्स मांगी गई थी, उतनी नहीं भेजी गई, लेकिन अब आर्मी ने राज्य में पूरा कंट्रोल संभाल लिया है। पंजाब के हालात पूरी तरह कंट्रोल में हैं।

CM Captain told the situation in Punjab, we will not make Bole-Panchkula

स्कूल-कॉलेज, दफ्तर खोलने पर फैसला आज

पंजाब सरकार सूबे में सोमवार को स्कूल-कॉलेज सरकारी दफ्तरों के खुले या बंद रखने पर रविवार को फैसला लेगी। सीएम के मीडिया एडवाइजर ने बताया कि रविवार को कैप्टन हालात का जायजा लेने के लिए मानसा, मौड़, बठिंडा, बल्लूआना (रेलवे स्टेशन) और मलोट आदि का दौरा करेंगे। इसके बाद ही इस पर फैसला लिया जाएगा।

हिंसा में इनकी गई जान…

हिंसा में मरने वालों में बठिंडा का हरिसिंह, मुक्तसर का बुग्गी, पटियाला का गुरपाल, फाजिल्का का अमन, बरनाला का जगरूप, संगरूर का उग्रसेन रणजीत सिंह शामिल हैं। ये सभी डेरा प्रेमी थे। वहीं मुक्तसर के ही लवप्रीत की भी पंचकूला में मौत हुई। उसके परिवार ने बताया कि वह डेरा प्रेमी नहीं था, लेकिन किसी के साथ पंचकूला गया था। हिंसा में मारा गया। वहीं फरीदकोट की अंग्रेज कौर की मौत हार्टअटैक से हुई।

जाब-हरियाणा में अब तक 661 ट्रेनों पर असर पड़ा…

डेरा हिंसा में पंजाब-हरियाणा जाने वाली करीब 661 रेलगाडिय़ां प्रभावित हुई हैं। हरियाणा और पंजाब जाने वाली 309 एक्सप्रेस रेलगाडिय़ों को 28 अगस्त तक के लिए रद्द कर दिया गया है। जबकि हरियाणा जाने वाली 294 यात्री रेलगाडिय़ों को रद्द किया गया है। हिंसा के चलते एहतियात के तौर पर 58 रेलगाडिय़ों के मार्ग भी परिवर्तित कर दिए हैं।

9 गिरफ्तार अौर 39 लोगों पर दर्ज किया केस

कैप्टन ने बताया मालवा में हिंसक घटनाअों में शामिल 39 डेरा प्रेमियों पर केस दर्ज किए गए हैं, जबकि पुलिस ने कुल 19 लोगों को हिरासत में लिया है। हिंसक घटनाओं में 42 लोग जख्मी हुए हैं। इनमें ज्यादातर डेरा प्रेमी हैं। पंजाब में कुल 98 नामचर्चा केंद्रों की तलाशी ली जा रही है। इसकी जिम्मेदारी पैरामिलिट्री फोर्स और पुलिस को सौंपी गई। उन्होंने साफ किया कि नामचर्चा केंद्रों को सील नहीं किया जाएगा।

डेरा का एक अौर झूठ… 

आरोपी को नशा माफिया बताने का कोई सबूत नहीं 

पटियाला डेरामुखी गुरमीत राम रहीम सिंह के वकीलों ने सीबीआई कोर्ट में दलील दी थी कि रेप का आरोप लगाने के पीछे नशा माफिया का हाथ है, हालांकि वे इसका कोई सबूत पेश नहीं कर पाए। सीबीआई के वकील एच पीएस वर्मा ने बताया कि अब डेरामुखी को सिरसा के पत्रकार रामचंद्र छत्रपति और यौन शोषण का शिकार हुई साध्वी के भाई रणजीत सिंह के कत्ल के मामलों में भी दोषी साबित करने की तैयारी है।

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