BHU बवाल में आज VC के अध‍िकार हो सकते हैं खत्म, चीफ प्रॉक्टर ने द‍िया इस्तीफा

  • वाराणसी. बनारस हिंदू यूनिवर्सिटी (बीएचयू) में शनिवार रात स्टूडेंट्स पर किए गए लाठीचार्ज के मामले की जांच रिपोर्ट में कमिश्नर ने यूनिवर्सिटी एडमिनिस्ट्रेशन को जिम्मेदार बताया है। यह रिपोर्ट आने के बाद मंगलवार देर रात बीएचयू के चीफ प्रॉक्टर ओएन सिंह ने नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए अपने पद से इस्तीफा दे दिया, जिसे वीसी ने मंजूर भी कर लिया। बता दें, बीएचयू में छेड़छाड़ के विरोध में स्टूडेंट्स 22 सितंबर से प्रोटेस्ट कर रहे थे, जिनपर 23 सितंबर की रात को लाठीचार्ज किया गया।
    BHU बवाल में आज VC के अध‍िकार हो सकते हैं खत्म, चीफ प्रॉक्टर ने द‍िया इस्तीफा

     वीसी के अधिकार हो सकते हैं खत्म…

    – जानकारी के मुताबिक बुधवार शाम तक बीएचयू के वाइस चांसलर (वीसी) गिरीश चंद्र त्रिपाठी के अधिकार खत्म किए जा सकते हैं। इसके बाद वे कोई फैसले नहीं ले सकते। 27 नवंबर को उनका टेन्योर पूरा हो रहा है। 
    – वहीं, मंगलवार देर रात नेशनल ह्यूमन राइट्स कमीशन (एनएचआरसी) ने भी बीएचयू मामले पर संज्ञान लिया है। एनएचआरसी ने यूपी सरकार को नोटिस भेजा है।
    – एनएचआरसी ने यूपी के चीफ सेक्रेटरी और डीजीपी के साथ ही वीसी से मामले में रिपोर्ट मांगी है। सभी को 4 हफ्तों के अंदर रिपोर्ट देनी होगी।

    योगी ने कहा- एंटी सोशल एलिमेंट से सख्ती से निपटा जाए

    – योगी आदित्यनाथ ने बीएचयू के बवाल पर मंगलवार को कहा, “इसकी हमने मजिस्ट्रियल जांच के आदेश दे दिए हैं। जैसे ही इसकी रिपोर्ट आएगी, उसके आधार पर दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। इस मामले में पहले ही कुछ लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जा चुकी है।”
    – “यूनिवर्सिटी प्रशासन को हिदायत दी गई है कि स्टूडेंट्स को परेशान न किया जाए, लेकिन जो एंटी सोशल एलिमेंट्स माहौल खराब करने पर तुले हैं उनसे सख्ती से निपटा जाए।”
    – इस मामले में वीसी के शामिल होने के सवाल पर योगी ने कहा, “उनकी भी भूमिका की जांच इस रिपोर्ट में की जा रही है। रिपोर्ट आने के बाद ही कुछ बता पाऊंगा।”

    सोमवार को 5 अफसरों पर गिरी थी गाज

    – छात्राओं पर लाठीचार्ज को लेकर हुए विरोध के बाद एडिशनल सिटी मजिस्ट्रेट मनोज कुमार सिंह, मजिस्ट्रेट सुशील कुमार और मजिस्ट्रेट जगदंबा प्रसाद सिंह को हटा दिया गया है।
    – इनके अलावा लंका इलाके के थाना प्रभारी राजीव सिंह को लाइनअटैच कर दिया गया है। भेलूपुर के सीओ विनय कटियार का तबादला कर दिया। उनकी जगह डीएसपी एपी सिंह को तैनात किया गया है।

    क्या है मामला?

    – विवाद की शुरुआत 21 सितंबर को हुई। आरोप है कि आर्ट्स फैकल्टी की एक स्टूडेंट के साथ तीन लड़कों ने छेड़छाड़ की।
    – लड़कियों का कहना है कि इस घटना की शिकायत वार्डन और चीफ प्रॉक्टर से करने पर भी कोई एक्शन नहीं लिया गया। उलटे, लड़कियों को रात में होस्टल से बाहर न निकलने की हिदायत दी गई।
    – इस घटना के विरोध में सैकड़ों गर्ल्स स्टूडेंट्स सिक्युरिटी की मांग को लेकर 22 सितंबर की सुबह से धरने पर बैठ गईं।
    – शनिवार की रात वे वाइस चांसलर (वीसी) जीसी त्रिपाठी से बात करने के लिए कैम्पस में स्थित उनके बंगले पर पहुंचीं। उनके साथ कई ब्वाय स्टूडेंट्स भी थे।
    – उन्हें रोकने की कोशिश नाकाम होने के बाद पुलिस ने लाठीचार्ज कर दिया। इसमें एक लड़की समेत तीन स्टूडेंटस जख्मी हुए थे। बाद में स्टूडेंट्स ने कैम्पस में जमकर तोड़फोड़ की। कुछ टू-व्हीलर्स में आग लगा दी गई।

    अभी अभी: हनीप्रीत की अर्जी पर सुनवाई हुई पूरी, कोर्ट ने दिया 12 घंटे का…

    वीसी ने कहा- लाठीचार्ज के सबूत नहीं

    – इस मामले में वीसी ने कहा, “हमने हाईकोर्ट के रिटायर्ड जज वीके द्विवेदी की अगुआई में एक जांच समिति बनाई है। उसकी रिपोर्ट के आधार पर एक्शन लिया जाएगा।”
    – बता दें कि मंगलवार को एचआरडी मिनिस्ट्री की ओर से वीसी को तलब किया गया था। वो दिल्ली गए थे और देर शाम लौटे थे।
    – इससे पहले रविवार को उन्होंने एक लेटर जारी कर यूनिवर्सिटी कैम्पस में हुई लाठीचार्ज की घटना को सिरे से खारिज कर दिया है। उनका कहना है कि इस बात का कोई सबूत नहीं है।
    – लेटर में यह भी लिखा है कि कार्रवाई सिर्फ उन पर की गई जो कैम्पस में यूनिवर्सिटी की प्रॉपर्टी को आग लगा रहे

     विवाद पर मोदी ने योगी से की बात

    – इस मामले में सोमवार को नरेंद्र मोदी और अमित शाह ने योगी आदित्यनाथ से बातचीत की थी। इसके बाद योगी ने कहा कि उन्होंने वाराणसी के कमिश्नर से मामले में रिपोर्ट मांगी है।
    – बाद में मंगलवार को आई कमिश्नर नितिन गोकर्ण की रिपोर्ट में इस मामले में बीएचयू एडमिनिस्ट्रेशन को जिम्मेदार ठहराया गया। रिपोर्ट में कहा गया कि उन्होंने पूरे मामले को सही तरीके से हैंडल नहीं किया। मामले को फौरन सुलझाते तो इतना बड़ा विवाद खड़ा नहीं होता।

    राज बब्बर-तीस्ता सीतलवाड़ को लिया था हिरासत में

    – रविवार को यूपी कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष राज बब्बर धरने पर बैठी लड़कियों से मिलने बीएचयू जा रहे थे, लेकिन रास्ते में ही उन्हें हिरासत में ले लिया गया। बाद में रिहा कर दिया गया।
    – वहीं, सोशल एक्टिविस्ट तीस्ता सीतलवाड़ सोमवार को बनारस पहुंची। पुलिस ने उन्हें भी हिरासत में ले लिया। सीतलवाड़ को करीब 10 घंटे तक पुलिस लाइन में रखने के बाद देर शाम उन्हें रिहा किया गया।
Back to top button