भालू जैसा पैदा हुआ बच्चा, दुर्लभ बीमारी से हुआ ऐसा!

प्रेग्नेंसी के दौरान महिलाओं को इस बात का बहुत ध्यान रखना पड़ता है कि वो क्या खा रही हैं, क्योंकि उनके भोजन का सीधा असर उनके बच्चे के ऊपर होगा. जब बच्चे पैदा होते हैं, तो उनके अंदर पौष्टिक तत्वों की कमी से समस्याएं भी हो जाती हैं. पर कई बार ऐसा भी होता है कि उन्हें कोई दुर्लभ बीमारी किसी अन्य कारण से हो जाती है, और इसमें खाने की गलती नहीं होती. फिलिपीन्स में एक महिला ने जब बच्चे (Woman eat cat during pregnancy) को जन्म दिया तो वो ये देखकर हैरान रह गई कि उसका बच्चा भालू जैसा है. वो इसलिए क्योंकि बच्चे के पूरे शरीर पर ढेर सारे बाल थे. ऐसा एक दुर्लभ बीमारी की वजह से हुआ था, हालांकि, महिला को लगता है कि जब वो प्रेग्नेंट थी, तब उसने बिल्ली खाई थी, जिसकी वजह से बच्चे को श्राप लगा है.
डेली मेल न्यूज वेबसाइट की रिपोर्ट के अनुसार फिलिपीन्स (Apayao, Philippines) के अपायाओ की रहने वाली एल्मा (Alma) का बेटा जैरेन गैमॉनगन (Jaren Gamongan) जब पैदा हुआ था तो उसके शरीर पर इतने बाल थे कि लोगों ने उसे भालू का बच्चा समझ लिया था. सिर्फ सिर पर ही नहीं, चेहरे, पीठ, हाथ, सीने आदि पर बच्चा बालों से भरा हुआ था. ऐसा वेयरफुल्स सिंड्रोम की वजह से हुआ था. इस बच्चे को दुनिया का सबसे ज्यादा बाल वाला बच्चा (world’s hairiest baby) माना जा रहा है.
बिल्ली खा गई महिला
वेयरवुल्फ सिंड्रोम को Hypertrichosis के नाम से भी जाना जाता है. ये एक दुर्लभ बीमारी है, जिसमें इंसान के शरीर पर बाल उग आते हैं. महिला ने जब बच्चे को देखा तो उसके अंदर अंधविश्वास आ गया. उसने कहा कि बच्चे को श्राप मिल गया क्योंकि उसने प्रेग्नेंसी के दौरान बिल्ली खा ली थी. उसने कहा कि जब वो प्रेग्नेंट थी, तब उसे जंगली बिल्लियां खाने की बहुत क्रेविंग होती थी. फिलिपीन्स के पहाड़ी इलाकों में, जहां वो महिला रहती है, वहां बिल्लियों से एक खास तरह की डिश बनाई जाती है. उसने बताया कि दोस्तों ने उसने एक काली बिल्ली ली और फिर उसमें मसाले मिलाकर उसे बना लिया.
बेहद दुर्लभ है बीमारी
उसके इलाके के लोगों को ये अंधविश्वास सच लगा. पर जब वो इस महीने बच्चे को डॉक्टरों के पास ले गई, तो उन्होंने बताया कि बच्चे की विचित्र मेडिकल कंडीशन असल में हाइपरट्रिकॉसिस है. मध्य काल से अभी तक इस बीमारी के सिर्फ 50 से 100 मामले रिपोर्ट किए गए हैं, इस वजह से ये बीमारी बेहद दुर्लभ है. महिला ने कहा कि उसे बच्चे को लेकर चिंता होती है कि जब उसे स्कूल जाना पड़ेगा, तो उसे कितना ज्यादा दूसरे बच्चे चिढ़ाएंगे.





