देश में दो हवा, एक में एक-दूसरे को बर्दाश्त करना मुश्किल और दूसरी में आ रही है खुली हवा : मीरा कुमार

जयपुर। यूपीए व अन्य विपक्षी दलों की ओर से साझा उम्मीदवार मीरा कुमार मंगलवार को जयपुर पहुंचीं। यहां कांग्रेस मुख्यालय में प्रेस कान्फ्रेंस में उन्होंने कहा कि आज देश जिस चौराहे पर खड़ा है, जिसमें दो तरह की हवा चल रही है। एक हवा में लोगों का एक-दूसरे को बर्दाश्त करना मुश्किल हो रहा है तो दूसरी में लोग खुली हवा में सांस ले पा रहे हैं।टॉलरेंस और इन-टॉलरेंस की बात भी …
देश में दो हवा, एक में एक-दूसरे को बर्दाश्त करना मुश्किल और दूसरी में आ रही है खुली हवा : मीरा कुमार
– मीरा कुमार ने राष्ट्रपति पद के चुनाव को दो विचारधारा का चुनाव बताया, लेकिन बहती हवाओं का जिक्र करते हुए उन्होंने भाजपा और कांग्रेस नीत माहौल की बात की।
– उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी या एनडीए के प्रत्याशी रामनाथ कोविंद का नाम न लेते हुए उनके विचारों को देश के लिए दुर्भाग्यपूर्ण बताया। कहा, जो हवा देश में चल रही है, उसमें एक-दूसरे को बर्दाश्त किया जाना मुश्किल हो रहा है।
– जबकि दूसरी हवा, यानी कांग्रेस की विचारधारा में रहने वालों की जो हवा है, उसमें हर कोई खुश है।
– उन्होंने इस बीच यह भी कहा कि मेरे सम्मानित विरोधी प्रत्याशी का सम्मान करती हूं। व्यक्तिगत टिप्पणी नहीं करना चाहती।
– मीरा कुमार सुबह जयपुर पहुंची तब एयरपोर्ट पर कांग्रेस नेताओं ने उनका स्वागत किया। इसके बाद उनका कांग्रेस मुख्यालय पर भी स्वागत किया गया।
 
जात-पात की बात अब तक बहुत हो गई, अब उसे गड्ढे में दबा दो
– दलित प्रत्याशी के सवाल पर मीरा कुमार ने कहा कि राष्ट्रपति पद के चुनाव अब तक दो व्यक्तियों के बीच हुए हैं, लेकिन ऐसा पहली बार हो रहा है कि चुनाव दो विचारधाराओं के बीच है।
– उन्होंने कहा कि जात-पात की बात से अब हमें छुटकारा पा लेना चाहिए। इस तरह की बात को जमीन में गाड़ देना चाहिए।
– टोलरेंस और इन-टॉलरेंस की बात भी की। कहा, दूसरी हवा में सहिष्णुता नहीं। हमें बचपन से सिखाया गया है कि हम जिस धर्म को मानते हैं, उसका सम्मान करते हैं।
– उन्होंने कहा कि हमारे देश के सर्वोच्च पद के चुनाव की प्रक्रिया प्रारंभ हो चुकी है। एक अदभुत घटना घटी और इतिहास में सभी विपक्षी दलों ने बैठक कर सर्वसम्मति से फैसला किया कि इस चुनाव को विचारधारा के आधार पर लड़ेंगे। इसके केंद्र में मुझे रखा। मैं उनकी आभारी हूं
– 17 विपक्षी पार्टियां साथ आई हैं, लेकिन उनके मत नहीं मिलते, लेकिन इस चुनाव में एक विचार मिले हैं।
 
 
 
Back to top button