जिसे बच्चों की तरह पाला, हाथों से खिलाया, वक्त आने पर बन गया ‘वहशी’

आपने ऐसी बहुत सी कहानियां सुनी होंगी, जिसमें किसी जंगली जानवर को पालने के बाद शख्स उसके साथ ज़िंदगीभर रहा. जानवरों की वफादारी के किस्से बड़े हैं, लेकिन ज़रूरी नहीं है कि हर वक्त कोई जीव वफादार बना रहेगा. खासतौर पर जंगली जानवरों को अपनाने से पहले हमें ये समझ लेना चाहिए कि उन पर आंख बंद करके भरोसा करना आपके लिए कभी भी हानिकारक हो सकता है.
आपने सुना होगा कि अगर आप किसी को अपने हाथ से पालते हैं, तो वो आपका कोई नुकसान नहीं करेगा. चाहे ये कोई इंसान हो या फिर जानवर. हालांकि आज हम आपको जो कहानी बताने जा रहे हैं, उसके बाद आपका भरोसा ऐसी बातों से बिल्कुल ही उठ जाएगा. यूं तो ये कहानी नई नहीं है लेकिन सोशल मीडिया पर एक बार फिर से वायरल हो रही है.
‘अनाथ’ जानवर को उठाकर पाला
डेली स्टार की रिपोर्ट के मुताबिक साउथ अफ्रीका के रहने वाले मॉरियस एल्स नाम के एक किसान को एक 5 महीने का हिप्पो मिला था. उसका नाम Humphrey था, जिसे बाढ़ से बचाया गया था. जब वो बहुत बड़ा हो गया तो मॉरियस ने उसे अपने 400 एकड़ के फार्म में रखा और उसके लिए एक बड़ा तालाब भी बनवाया. मॉरियस ने अनाथ हम्फ्री को इंसानों के साथ तैरना सिखाया और अपने हाथों से खाना खिलाता और दांत साफ करता था. वो उसे अपने बेटे की तरह मानता था और उस पर आंख बनकर भरोसा करता था. वो 102 किलो के हिप्पो पर सवारी भी करता था और उसके साथ फोटो भी खिंचवाता था.
फिर एक दिन … वो जानवर बन गया
हिप्पो दुनिया के सबसे खतरनाक जानवरों में से एक है, लेकिन मॉरियस से उसकी अच्छी दोस्ती थी. एक बार हम्फ्री ने दो लोगों पर हमला करके उन्हें मार भी दिया था, बावजूद इसके मॉरियस ने इस खतरे को नहीं समझा. लोगों ने उसे समझाने की कोशिश भी की लेकिन उनका भरोसा टूटता ही नहीं था. आखिरकार नवंबर, 2011 में वो समय आ गया, जब हम्फ्री वहशी जानवर बन गया और उसके अपने रक्षक को ही मौत के घाट उतार दिया. मॉरियस का शव उसी नदी के पास मिला, जहां से हम्फ्री को बचाया गया था. यूट्यूब पर हाल ही में इस स्टोरी को 12 लाख लोगों ने देखा और मॉरियस के लिए संवेदना ज़ाहिर की.





