हाईस्पीड ट्रेन वंदेभारत एक्सप्रेस में खाने को लेकर शिकायतों के बाद रेलवे ने लिया ये अहम फैसला…

वंदेभारत एक्सप्रेस के खाने में खामी की शिकायतें थमने का नाम नहीं ले रही हैं। ताजे मामले में हुई एक शिकायत के बाद इस बार वंदेभारत का मेन्यू ही आंशिक रूप से बदल दिया गया। खाने को लेकर इतनी संजीदगी बरतने के बावजूद आंकड़ों के मुताबिक हर महीने लगभग आठ से दस शिकायतें आइआरसीटीसी (इंडियन रेलवे कैटङ्क्षरग एंड टूरिज्म कारपोरेशन) तक पहुंच रही हैं।
दो माह पहले हुआ था हंगामा
दो महीने पहले वंदेभारत एक्सप्रेस में बासी खाना परोसे जाने को लेकर जमकर हंगामा हुआ था। वंदेभारत एक्सप्रेस में खाने की सप्लाई कानपुर के एक प्रसिद्ध सितारा होटल के रेस्टोरेंट से की जाती है। उस हंगामे के बाद फैसला लिया गया था कि कंपनी बेस किचन से ट्रेन तक रेफ्रिजरेटर वैन में खाना ले जाएगी। इस बड़े विवाद के बाद भी वंदेभारत एक्सप्रेस के खाने की गुणवत्ता को लेकर यात्रियों की शिकायतें बनी हुई हैं। आइआरसीटीसी के मुताबिक महीने में आठ से दस शिकायतें कंपनी तक पहुंच रही हैं।
आइआरसीटीसी ने मेन्यू में किया आंशिक बदलाव
ताजा मामला 14 अगस्त 2019 का है। ट्रेन में सफर करने वाले मनीष गर्ग नाम के एक यात्री ने रोटी में फंगस होने की शिकायत ट्विटर पर दर्ज कराई थी। इस शिकायत को संज्ञान में लेकर जांच कराई गई तो कुछ स्पष्ट तथ्य निकालकर सामने नहीं आए। भले ही शिकायत सही नहीं पाई गई, लेकिन आइआरसीटीसी ने इस घटना से सबक लेते हुए अपना मेन्यू आंशिक रूप से बदल दिया है। पहले दोपहर व रात के खाने में रोटियां दी जाती थीं। माना गया कि अगर सुबह की रोटी शाम को भी दे दी गई तो फंगस संभव है। ऐसे में इससे बचत के लिए आइआरसीटीसी ने फैसला लिया है कि सुबह के खाने में रोटी और शाम को खाने में यात्रियों को पराठा परोसा जाएगा।





