ब्रिटेन के पूर्व पीएम चर्चिल के जन्मस्थान और विश्व धरोहर की सैर कराएगा रोबोट ‘बैटी’

रोबोट बैटी लोगों को जानकारियां देने के साथ उनके सवालों के जवाब भी देगा। दिलचस्प बात यह है कि बैटी लोगों के साथ तस्वीर खींचकर उन्हें ट्विटर पर हैशटैग ‘बैटी इन द प्लेस’ के साथ पोस्ट भी करेगा।
रोबोट को ऑक्सफोर्ड यूनिवर्सिटी के रोबोटिक्स इंस्टीट्यूट (ओआरआई) के डिपार्टमेंट ऑफ इंजीनियरिंग साइंस ने बनाया है। हाल ही में इसका ट्रायल किया गया, जो सफल रहा।
रोबोट बैटी क्या-क्या करेगा
बैटी 12 घंटे तक लोगों को महल दिखाएगा। इसके बाद चार्जिंग के लिए खुद-ब-खुद बंद हो जाएगा। बैटी के अंदर पैलेस और इतिहास से जुड़ीं जानकारियां फीड की गईं हैं।
ब्लेनहीम के प्रवक्ता जोनाथन प्रिंस ने बताया कि बैटी में ब्लेनहीम पैलेस और उसके इतिहास से जुड़ी सारी जानकारियां फीड की गई हैं। उसे जवाब देने के लिहाज से काफी सक्षम बनाया गया है। बैटी का ट्रायल कामयाब रहा है। उम्मीद है कि उसे इसी साल यहां लाया जाएगा।
बैटी को लेकर सावधानी
लेकिन पैलेस का स्टाफ अभी महल की चीजों को लेकर सतर्क है। उनकी कोशिश है कि बैटी पुरानी कलाकृतियों के पास न जा पाए। ब्लेनहीम के प्रवक्ता जोनाथन प्रिंस कहते हैं कि पैलेस में कई कीमतीं चीजें हैं। यहां का ग्रेट हॉल काफी बड़ा है। ऐहतियातन हमें काफी सावधानी बरतनी होती है।
‘रोबोट का आना अद्भुत मौका’
ब्लेनहीम के फ्रंट हाउस मैनेजर डग मैक्कचियन ने बताया, “पैलेस में रोबोट का आना, हमारे और ऑक्सफोर्ड रोबोटिक्स इंस्टीट्यूट के लिए अद्भुत मौका होगा। रोबोटिक्स (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस) का दुनियाभर में प्रचलन बढ़ रहा है। हमारा मकसद है कि इसे लेकर लोगों की समझ बढ़े और पैलेस आने वाले लोगों को फायदा हो।”
कई रोबोट का परीक्षण जारी
ब्लेनहीम एस्टेट में कई अन्य रोबोटिक डिवाइस का परीक्षण चल रहा है। यहां के हाई पार्क में ओआरआई की डिजाइन की हुई ड्राइवरलेस रेंज रोवर कार चलाई जा रही है। ओआरआई की सीनियर रिसर्चर डॉ. ब्रूनो लासर्डा कहती हैं कि पैलेस में रोबोट स्थापित करना हमारे लिए भी बड़ा मौका होगा। हम लोगों को अपनी टेक्नोलॉजी समझा पाएंगे।





