महिला क्रिकेट टीम कोच को मिलेगा पौने दो करोड़ रुपये वेतन, डायना ने जताया विरोध

प्रशासको की समिति (सीओए) की सदस्य डायना एडुल्जी की ओर से विरोध जताने के बावजूद डब्ल्यूवी रमन के महिला क्रिकेट टीम के कोच पद के दो साल के करार को हरी झंडी दे गई। सीओए चेयरमैन विनोद राय ने रमन के पौने दो करोड़ रुपये के पहले साल के वेतन मुहर लगा दी। रमन को कार्यकाल के दूसरे साल में दो करोड़ रुपये सालाना वेतन दिया जाएगा और साथ ही अन्य सुविधाएं भी मिलेंगी।
डायना ने न्यूजीलैंड दौरे को ध्यान में रख रमन को अंतरिम कोच बनाने को कहा साथ ही सचिन तेंदुलकर, वीवीएस लक्ष्मण और सौरव गांगुली की क्रिकेट एडवाइजरी कमेटी को नए सिरे से कोच चुनने का अधिकार देने को कहा, लेकिन राय ने वर्ल्ड कप की तैयारियों का हवाला देकर रमन के करार को एक जनवरी से हरी झंडी दे दी।
डायना से जब रमन के करार पर अनुमति मांगी गई तो उन्होंने मेल में राय को लिखा कि महिला क्रिकेट टीम का जो भी शानदार प्रदर्शन आया है उसका श्रेय पुराने कोच तुषार अरोठे और रोमेश पोवार को जाता है। कोच का चयन सीएसी को ही करना चाहिए। पुरुष टीम के कोच के चयन को भी लटका कर इसकी जिम्मेदारी सीएसी को दी गई थी।
यहां तक नियमित कोच की गैरमौजूदगी में श्रीधर को पुरुष टीम के साथ भेजा गया था। न्यूजीलैंड दौरे के लिए यही भूमिका रमन को देकर नए कोच का चयन सीएसी से कराया जाना चाहिए, लेकिन राय ने डायना के इन तर्कों को खारिज कर दिया।
उन्होंने जवाब में कहा कि कपिल देव, अंशुमन गायकवाड़ और शांता रंगास्वामी की कमेटी भी कम गुणी नहीं है। फिर उन्हीं के कहने पर कमेटी में शुभांगी कुलकर्णी की जगह शांता को रखा गया था।
रमन 1.23 करोड़ में थे एनसीए में कोच
बीसीसीआई ने रमन के करार की दी गई जानकारी में यह भी साफ कर दिया कि वह एनसीए के बल्लेबाजी कोच नहीं रहेंगे। हालांकि उनका यह करार 1.23 करोड़ के सालाना वेतन पर जून 2019 तक था, लेकिन इसे 31 दिसंबर से खत्म किया जाता है।





