ICJ में जीत के बाद भारत आए जस्टिस भंडारी, जोधपुर में किए कुलदेवी के दर्शन

जोधपुर. नीदरलैंड के इंटरनेशनल कोर्ट ऑफ जस्टिस (आईसीजे) में भारत की जीत कई मायने में बड़ा महत्व रखती है। इससे दुनियाभर में भारत की साख बढ़ी है, सुरक्षा परिषद में जाने का रास्ता भी थोड़ा आसान हो जाएगा। आईसीजे में लगातार दूसरी बार चुने गए जस्टिस दलबीर भंडारी ने ये बात सिर्फ दैनिक भास्कर के लिए दिए अपने पहले इंटरव्यू में कही है। आईसीजे की शानदार जीत के बाद जोधपुर में कुलदेवी के दर्शन के लिए यहां आए भंडारी ने इस जीत का श्रेय अपने पिता और देवताओं को दिया। उन्होंने कहा कि उनके आशीर्वाद और पूरे देशवासियों की शुभकामनाओं की बदौलत वे इस मुकाम को हासिल कर पाए हैं।ICJ में जीत के बाद भारत आए जस्टिस भंडारी, जोधपुर में किए कुलदेवी के दर्शन

Q. इंटरनेशनल कोर्ट में इस जीत के मायने क्या हैं?

जस्टिस भंडारी: आईसीजे में 1922 से 2017 तक के लंबे कार्यकाल में सिर्फ दो भारतीयों को दूसरी बार जस्टिस बनने का मौका मिला है। पहले डाॅ. नगेंद्र सिंह को, फिर मुझे। वहां भारत का रिप्रेजेंटेशन हमेशा ही बहुत कम रहा है। यह भारत के लिए अहम है कि उनका जज वहां 9 साल और रहेगा।

Q. दुनिया में भारत का दबदबा बढ़ेगा?

जस्टिस भंडारी: यह गजब का चुनाव है। जीत के लिए यूनाइटेड नेशन्स जनरल असेंबली और सिक्युरिटी काउंसिल में पूर्ण बहुमत यानी 51 फीसदी वोट होने जरूरी हैं। ब्रिटेन के जस्टिस क्रिस्टोफर ग्रीनवुड ने विड्राॅ कर लिया था उसके बाद भी चुनाव हुआ। इसमें भारत को जनरल असेंबली में 193 में से 183 और सिक्युरिटी काउंसिल में 15 में से 15 वोट मिले हैं। इससे लगता है कि भारत की साख विश्व में जबर्दस्त बढ़ी है।

Q. भारत का सिक्युरिटी काउंसिल​ में जाने का दावा भी मजबूत होगा?

जस्टिस भंडारी: दोनों सदनों में दुनिया भर के लोगों ने जिस तरीके से भारत को रिकॉर्ड समर्थन दिया है, उससे लगता है कि भारत का सिक्युरिटी काउंसिल में आना थोड़ा आसान हो जाएगा।

Q.पहले से आखिरी फेज तक किस तरह का दबाव महसूस किया?
जस्टिस भंडारी:
 इस बार मुश्किल चुनाव था, यूं कहूं अपने आप में अद्‌भुत था। चुनाव के सभी दौर में सच कहूं तो मैंने कभी दबाव महसूस नहीं किया। हां, वेलविशर्स का प्रेशर ज्यादा था।

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Q. ‘विश्व विजय’ का श्रेय किसे देते हैं?
जस्टिस भंडारी:
 मेरे दिवंगत पिता सीनियर एडवोकेट महावीरचंद भंडारी, कुलदेवी और देवताओं का आशीर्वाद है। सभी भारतीयों की शुभकामनाएं मेरे साथ थीं। भारत बेहद मजबूत राष्ट्र के रूप में खड़ा है, उसे अनदेखा करना अब किसी के लिए आसान नहीं है।

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