सीएम मान की श्री अकाल तख्त से अपील: गोलक का हिसाब लेने का लाइव टेलीकास्ट करें..

पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान को श्री अकाल तख्त साहिब के जत्थेदार ज्ञानी कुलदीप सिंह गड़गज्ज ने 15 जनवरी को व्यक्तिगत रूप से पेश होने का आदेश दिया है। इस श्री अकाल तख्त साहिब की ओर से औपचारिक हुक्मनामा जारी किया गया है।
पंजाब के सीएम भगवंत मान ने श्री अकाल तख्त साहिब के जत्थेदार से अपील की है कि जब वे 15 जनवरी को अकाल तख्त साहिब पर पेश हों तो सभी चैनलों पर उसका लाइव टेलीकास्ट होना चाहिए।
सीएम ने एक्स पर लिखा कि मुझे पूरी दुनिया से मैसेज आ रहे हैं कि 15 जनवरी को जब संगत गोलक का हिसाब लेगी तो सभी चैनलों पर उसका लाइव टेलीकास्ट होना चाहिए। मैं भी पूरी दुनिया की संगत की भावनाओं को समझता हूं और जत्थेदार साहिब से प्रार्थना करता हूं कि मेरी बात का लाइव टेलीकास्ट किया जाए ताकि संगत पल-पल और पैसे-पैसे से जुड़ी रहे। मिलते हैं 15 जनवरी को..सबूत के साथ।
मान श्री अकाल तख्त पर हुए हैं तलब
पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान को 15 जनवरी को व्यक्तिगत रूप से पेश होना है। जत्थेदार कुलदीप सिंह गड़गज्ज ने मुख्यमंत्री को अपना पक्ष स्पष्ट करने के लिए निर्धारित तिथि पर अकाल तख्त साहिब में उपस्थित होने को कहा है। श्री अकाल तख्त साहिब को सिखों की सर्वोच्च अदालत कहा जाता है। यह पांचों तख्तों में सबसे ऊपर है।
कार्यकारी जत्थेदार ज्ञानी कुलदीप सिंह गड़गज्ज और तख्त श्री दमदमा साहिब के जत्थेदार सिंह साहिब ज्ञानी टेक सिंह घनौला ने मुख्यमंत्री पर सिख मर्यादा के हनन और पंथक भावनाओं को आहत करने के गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने कहा कि मौड़ मंडी धमाके और बरगाड़ी बेअदबी कांड जैसे मामलों में पीड़ित परिवार आज भी न्याय की प्रतीक्षा कर रहे हैं जबकि बार-बार आश्वासन के बावजूद ठोस परिणाम सामने नहीं आए।
मुख्यमंत्री ने पावन स्वरूपों के संदर्भ में उठाए थे सवाल
मुख्यमंत्री भगवंत मान शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी और अकाली दल पर तीखा हमला कर चुके हैं। उन्होंने आरोप लगाया था कि 328 पावन स्वरूपों के गुम होने जैसे गंभीर मामलों से ध्यान हटाने के लिए श्री अकाल तख्त साहिब और पंथ को ढाल के रूप में इस्तेमाल किया जा रहा है। मुख्यमंत्री ने कहा था कि राज्य सरकार ने नैतिक जिम्मेदारी निभाते हुए इस मामले में एफआईआर दर्ज की है और विशेष जांच टीम (एसआईटी) गठित की गई है।





