विशेष सत्र का दूसरा दिन, 20 हजार करोड़ रुपये की मांग व निंदा प्रस्ताव को मिल सकती है मंजूरी

भारतीय जनता पार्टी ने सरकार के खिलाफ मोर्चा खोलते हुए सोमवार सुबह 11 बजे सेक्टर-37 स्थित पार्टी के मुख्य कार्यालय के पास लोगों की विधानसभा बुलाई है।

पंजाब विधानसभा का आज होने वाले विधानसभा का विशेष सत्र भी हंगामेदार हो सकता है। विपक्ष एसडीआरएफ के 12 हजार करोड़ रुपये व बाढ़ प्रभावित लोगों के लिए मुआवजा की घोषणा की मांग को लेकर सरकार को घेर सकता है।

सरकार विशेष सत्र में विशेष पैकेज न देने पर निंदा प्रस्ताव और 20 हजार करोड़ रुपये की मांग को लेकर प्रस्ताव को भी मंजूरी दे सकती है। सोमवार को भी पंजाब का पुनर्वास प्रस्ताव पर चर्चा जारी रहेगी, जिसे शुक्रवार को विधानसभा में पेश किया गया था। वहीं भारतीय जनता पार्टी ने सरकार के खिलाफ मोर्चा खोलते हुए सोमवार सुबह 11 बजे सेक्टर-37 स्थित पार्टी के मुख्य कार्यालय के पास लोगों की विधानसभा बुलाई है। पार्टी के कार्यकारी प्रदेश अध्यक्ष अश्विनी शर्मा ने कहा कि विधानसभा की मान-मर्यादा को ठेस पहुंच जाए, सत्ता पक्ष जनता की आवाज का मज़ाक उड़ाने लगे और सरकार जनता के जख्मों पर नमक छिड़कने लगे, तो लोगों की विधानसभा बुलाना जरूरी हो जाता है। अश्विनी शर्मा ने बताया कि लोगों की विधानसभा में पंजाब की जनता के साथ हो रहे धोखे व नुकसान पर खुली चर्चा की जाएगी। बाढ़ प्रभावित लोगों की बदहाल स्थिति और मुआवजे न मिलने, कैग रिपोर्ट के खुलासे और राज्य के पैसों के गलत इस्तेमाल का हिसाब पर चर्चा की जाएगी।

विधानसभा में इन प्रस्तावों को दी जाएगी मंजूरी
विधानसभा में बाढ़ प्रभावित लोगों को मुआवजा देने के लिए नियमों में संशोधन व कानूनों व बीज पंजाब संशोधन विधेयक 2025 को मंजूरी दी जा सकती है। बाढ़ प्रभावित किसानों को गेहूं के 2 लाख क्विंटल बीज मुफ्त मुहैये करवाए जाने हैं। इसी तरह उद्योगपतियों को राहत देने के लिए राइट टू बिजनेस एक्ट में संशोधन, पंजाब गुड्स एंड सर्विसेज टैक्स (संशोधन बिल) 2025, पंजाब अपार्टमेंट और संपत्ति विनियमन संशोधन विधेयक, पंजाब कोऑपरेटिव सोसाइटीज बिल 2025 और पंजाब नगर सुधार संशोधन विधेयक 2025 को मंजूरी दी जा सकती है। इसी तरह सत्र के दौरान 2023-24 वित्तीय वर्ष के लिए राज्य सरकार की उपलब्धियों और खर्च का ब्यौरा भी सौंपा जाएगा।

Back to top button