अमृतसर.टैक्स माफिया ने मंगलवार को गुंडागर्दी की सारी हदें पार कर दी। टैक्स माफिया के कारिंदों ने अमृतसर रही आम्रपाली एक्सप्रेस (15707) ट्रेन के गार्ड महिंदर कुमार को गन प्वाइंट पर रख जालंधर में जबरन माल उतरवा लिया। गार्ड ने इसकी सूचना रेलवे के आला अधिकारियों के साथ-साथ सेल्स टैक्स अधिकारियों को दी तो जालंधर में उतरवाया गया माल जब्त कर लिया गया और जब पुलिस पहुंची तो कारिंदे भी भाग चुके थे।
आरपीएफ ने जालंधर में टैक्स माफिया के कारिंदों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। वहीं शाम सवा पांच बजे के करीब ट्रेन जब अमृतसर पहुंची तो रेलवे स्टेशन पर सेल्स टैक्स विभाग के ईटीओ जपसिमरन, इंस्पेक्टर राजीव कुमार और इंस्पेक्टर सुनीता रानी पूरे दल-बल के साथ मौके पर पहुंचे। विभाग सारे माल को जब्त करना चाहता था, लेकिन रेलवे के चीफ पार्सल सुपरवाइजर (सीपीएस) अश्वनी कुमार का कहना था कि इस संबंध में पहले आला अधिकारियों से इजाजत लेनी ठीक रहेगी। देर शाम तक रेलवे और सेल्स टैक्स विभाग के अधिकारियों में माल जब्त करने को लेकर काफी गहमागहमी भी होती रही।
ईटीओ जपसिमरन के साथ यूनियन के एक नेता ने उनके साथ दुर्व्यवहार भी किया, जिस बाबत वह शिकायत अपने अधिकारियों को करेंगे। उन्होंने बताया कि देर शाम को विभाग की ओर से 52 नगों की सुपुर्ददारी सीपीएस दफ्तर के बाहर चिपका दी गई है और सारी जानकारी उच्चाधिकारियों को दी जाएगी।
अमृतसर स्टेशन पर माल के आस-पास मंडराता रहा टैक्स माफिया
अमृतसररेलवे स्टेशन पर जब गार्ड महिंदर कुमार सारा माल लेकर पहुंचे तो उन्होंने किसी को भी माल ले जाने नहीं दिया। उनका साफ कहना था कि सेल्स टैक्स के अधिकारी जब तक नहीं आएंगे, तब तक माल ले जाने नहीं देंगे। इतना ही नहीं टैक्स माफिया के कारिंदे माल को ले जाने की कोशिश भी करते रहे, लेकिन गार्ड ने किसी को भी एक नग ले जाने नहीं दिया। इस दौरान तो एक युवक आया और उसने नग पर लगी एक पर्ची फाड़ कर ही अपनी जेब में डाल ली। यहां तक कि कुछ लोग गार्ड महिंदर कुमार को समझाने की कोशिश भी करते रहे।
प्राइवेट लोगों की दखलअंदाजी बर्दाश्त नहीं होगी : महिंदर
गार्डमहिंदर कुमार ने बताया कि जालंधर रेलवे स्टेशन पर कुछ लोग जबरन ट्रेन से माल उतारने लगे, जब उन्होंने इंकार कर दिया तो एक युवक ने नग निकाल कर उन्हें लगा दी और चलती ट्रेन से 27 नग उतार लिए। इसकी सूचना उन्होंने तुरंत अपने अधिकारियों के अलावा सेल्स टैक्स के उच्चाधिकारियों को भी दे दी, जिसके बाद आरपीएफ जालंधर में तो आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया गया। उन्होंने कहा कि अमृतसर पहुंचते ही टैक्स माफिया के कारिंदे बिना बिल के कुछ माल को लेने के लिए आते रहे, लेकिन उन्होंने किसी को भी माल ले जाने नहीं दिया। यहां तक कि रेलवे के ही अधिकारी माल छुड़वाने के हक में थे। उन्होंने बताया कि अमृतसर करीब 53 नग पहुंचे थे, जिन्हें विभाग जब्त करने की कार्रवाई कर रहा था। उन्होंने कहा कि प्राइवेट लोगों की रेलवे में इंटरफेयरेंस वह बर्दाश्त नहीं करेंगे। वह इस बाबत सभी गार्ड्स के साथ बैठक करने जा रहे है और जरूरत पड़ी तो संघर्ष भी करना पड़े तो पीछे नहीं हटेंगे।